केंद्रीय कोयला एवं खान मंत्री जी. किशन रेड्डी ने कोयला रॉयल्टी मद में राज्य सरकार द्वारा मांगे जा रहे 1.36 लाख करोड़ बकाए पर कहा है कि कमेटी बनी है। कमेटी के निर्णय के बाद पैसे दिए जाएंगे। केंद्रीय कोयला मंत्री ने शुक्रवार को रांची में एक कार्यक्रम में कहा कि इन बातों पर गुरुवार को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से बातें हुई हैं। केंद्र सरकार किसी का पैसा नहीं रोकती। हमलोग जनता का विकास चाहते हैं। मालूम हो कि गुरुवार की शाम में सीएम आवास में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और केंद्रीय कोयला मंत्री जी. किशन रेड्डी की आलाधिकारियों के साथ संयुक्त बैठक हुई थी। बैठक के दौरान केंद्रीय कोयला मंत्री ने इस मामले के समाधान की दिशा में पहल करने का भरोसा दिलाया था। मालूम हो कि पिछले माह लोकसभा में केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री द्वारा कोयला रॉयल्टी मद में झारखंड के बकाया 1.36 लाख करोड़ रुपए की मांग और दावे को केंद्र सरकार द्वारा खारिज करने की बात कही गई थी। तब काफी विवाद हुआ था। उसके बाद यह बैठक हुई थी। राज्य सरकार ने बैठक में खनिज रॉयल्टी को लेकर क्षेत्रवार बकाया राशि का आकलन केंद्रीय कोयला मंत्री के सामने रखा था। इस पर केंद्रीय कोयला मंत्री ने कहा था कि केंद्र सरकार के अधिकारी राज्य सरकार के साथ मिलकर इसकी प्रमाणिकता का आकलन करें। केंद्रीय कोयला मंत्री ने मुख्यमंत्री को बकाया के भुगतान का भरोसा दिलाया है। लोकल भाजपा नेताओं ने सहयोग नहीं किया, कोयला मंत्री ने माना बाकी है पैसे : सुप्रियो झामुमो के केंद्रीय महासचिव सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा है कि बार-बार हमलोग बोलते थे कि राज्य का केंद्र सरकार पर 1.36 लाख करोड़ रुपए बकाया है, लेकिन लोकल भाजपा नेता और कुछ केंद्रीय नेता उसे हमेशा नकारते रहे। अब केंद्रीय कोयला मंत्री रांची आए हैं और अधिकारियों के साथ बैठक की है तो माना कि झारखंड का पैसा बाकी है। शुक्रवार को कोयला मंत्री ने कहा कि सीसीएल का सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल बना रहे हैं। इस पर सुप्रियो ने कहा कि वे हमारी जमीन पर ही अस्पताल बना रहे हैं, कोई अहसान नहीं कर रहे हैं। आप हमलोगों को विस्थापित करते हैं। आप ये कोई सेवा भाव से नहीं कर रहे हैं। केंद्रीय मंत्री ने स्वीकारा, झारखंड को 1.36 लाख करोड़ दे केंद्र : कांग्रेस प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता सोनाल शांति ने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण स्थिति है कि लोकसभा में झारखंड के बकाये के प्रश्न पर केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री सदन को गुमराह करते हुए किसी बकाया राशि होने से इनकार करते हैं। जबकि झारखंड दौरे पर आए केंद्रीय मंत्री और अधिकारी बकाए राशि को स्वीकारते हैं। यह लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए विध्वंसक है। केंद्रीय कोयला मंत्री के झारखंड के दौरे पर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने झारखंड के 1.36 लाख करोड़ की मांग को पुनः सामने रखा है। सीएम ने सीएसआर फंड का दायरा बढ़ाने और बंद हो चुकी खानों-खदानों की भूमि झारखंड सरकार को वापस करने की मांग की। सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल की नींव रखने के दौरान मौजूद जी. किशन रेड्डी। केंद्रीय कोयला एवं खान मंत्री जी. किशन रेड्डी ने शुक्रवार को कांके स्थित रिनपास के समीप 200 बिस्तरों वाले सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल की नींव रखी। यह अस्पताल कार्डियोलॉजी, पल्मोनोलॉजी और न्यूरोलॉजी जैसी अत्याधुनिक चिकित्सा सेवाओं से युक्त होगा। मंत्री ने कहा कि झारखंड और देश में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए यह अस्पताल एक मील का पत्थर साबित होगा।


