डीडवाना के कुचामन सिटी स्थित स्टेडियम में आत्मा योजना के तहत जिला स्तरीय प्याज किसान मेले का आयोजन किया गया। इस मेले में जिले और आसपास के क्षेत्रों से 1500 से अधिक किसानों ने भाग लिया। किसानों को आधुनिक कृषि तकनीकों, उन्नत बीजों, उत्पादन वृद्धि और विपणन से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी दी गई। राजस्थान सरकार के राज्यमंत्री विजय सिंह चौधरी कार्यक्रम के मुख्य अतिथि रहे, जबकि जिला कलेक्टर डॉ. महेंद्र सिंह खड़गावत ने इसकी अध्यक्षता की। विशिष्ट अतिथियों में आत्मा योजना के निदेशक डॉ. सुवालाल जाट, अतिरिक्त जिला कलेक्टर मोहनलाल खटनावलिया, एडीएम राकेश गुप्ता और कुचामन सिटी के एसडीएम विश्वामित्र मीणा शामिल थे। मेले में देश के प्रतिष्ठित प्याज विशेषज्ञों ने किसानों का मार्गदर्शन किया। आईसीएआर–डायरेक्टोरेट ऑफ ऑनियन एंड गार्लिक रिसर्च, पुणे के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. राजीव बी. काले ने प्याज की उन्नत किस्मों, बीज चयन, संतुलित पोषण प्रबंधन, रोग-कीट नियंत्रण, अधिक उत्पादन और आधुनिक भंडारण तकनीकों पर विस्तृत जानकारी दी। राष्ट्रीय बागवानी अनुसंधान संस्थान, कोटा के सहायक निदेशक (उद्यान) एवं केन्द्र प्रमुख डॉ. ए. के. सिंह ने प्याज के साथ-साथ अन्य बागवानी फसलों की उन्नत खेती, गुणवत्ता सुधार और विपणन से जुड़े पहलुओं पर प्रकाश डाला। इस अवसर पर चौधरी भंवरलाल सिंगला ने प्राकृतिक खेती के लाभ और रसायन मुक्त कृषि पर अपने अनुभव साझा किए, वहीं गोवर्धन सिंह खोखर ने ज़ीरो बजट फार्मिंग पर व्याख्यान देते हुए कम लागत में अधिक उत्पादन के उपाय बताए। किसानों ने कृषि एवं उद्यानिकी विभाग द्वारा लगाई गई विभिन्न प्रदर्शनियों का अवलोकन किया। इन प्रदर्शनियों में नई कृषि तकनीकों, उन्नत बीजों, आधुनिक कृषि यंत्रों और सरकारी योजनाओं की जानकारी उपलब्ध कराई गई। किसानों ने विशेषज्ञों से सीधे संवाद कर अपनी समस्याओं के समाधान भी प्राप्त किए। कार्यक्रम के अंत में कृषि विभाग के संयुक्त निदेशक श्री हरिओम सिंह राणा ने सभी अतिथियों, वैज्ञानिकों और किसानों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन किसानों को नई तकनीकों से जोड़ने और उनकी आय बढ़ाने में सहायक सिद्ध होते हैं।


