जयपुर | भगवान महावीर के 2552वें निर्वाणोत्सव वर्ष के उपलक्ष्य में जयकारों के साथ शनिवार अलसुबह 5 बजे 48 कॉलोनियों से 51 बसों में 2552 श्रद्धालु अतिशय क्षेत्र स्वस्तिधाम जहाजपुर के लिए रवाना हुए। रवानगी से पूर्व प्रतापनगर कुंभा मार्ग पर बसों का रेला लग गया। श्रावकों ने एकसाथ भू-गर्भ से प्रकट भगवान मुनिसुव्रत नाथ के दर्शन कर प्रदेश में सुख, शांति, समृद्धि और खुशहाली की कामना की। आचार्य प्रज्ञा सागर को श्रीफल भेंट कर जयपुर आगमन एवं वर्ष 2026 का चातुर्मास जयपुर में करने के लिए निवेदन किया। मुख्य संयोजक दीपक बाकलीवाल एवं चेतन जैन निमोड़िया ने बताया कि सकल दिगंबर जैन समाज के अंतर्गत गुरु आस्था परिवार राजस्थान, अतिशय क्षेत्र छोटा गिरनार बापूगांव एवं आदिश्वर धाम चाकसू की ओर से एक दिवसीय धार्मिक यात्रा के लिए बसें कॉलोनियों से रवाना होकर प्रतापनगर कुंभा गेट पहुंची। यहां से समाजबंधुओं ने जैन ध्वज दिखाकर बसों को रवाना किया। इस मौके पर मुनि भक्त अनिल जैन बनेठा, छोटा गिरनार अतिशय क्षेत्र के अध्यक्ष प्रकाश चंद बाकलीवाल, भारत भूषण जैन, देवेंद्र बाकलीवाल, जिनेंद्र जैन जीतू शामिल हुए। शाम को जहाजपुर से रवाना होकर श्रद्धालु निवाई पहुंचे। यहां प्रवासरत वर्धमान सागर महाराज ससंघ के दर्शन कर आशीर्वाद लिया। आरती के बाद सभी बसें जयपुर लौट आईं। महाराज ने कराया चाकसू में आदिश्वर धाम का निर्माण तपोभूमि प्रणेता व्याख्यान वाचस्पति आचार्य प्रज्ञा सागर महाराज ने जयपुर के चाकसू में आदिश्वर धाम का निर्माण कराया। बापू गांव में एक भी जैन परिवार नहीं है, वहां जैन धर्म के शाश्वत सिद्ध क्षेत्र गिरनारजी की प्रतिकृति के रूप में छोटा गिरनार का निर्माण भी कराया है। यहां प्रतिदिन देशभर से हजारों श्रद्धालुओं दर्शनार्थ आते हैं।


