दतिया जिले के दुरसड़ा थाना अंतर्गत ककरुआ गांव में शुक्रवार शाम एक डेढ़ माह के मासूम की टीकाकरण के बाद मौत हो गई। वहीं, तीन मासूम बच्चियों की तबीयत बिगड़ने पर उन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। सभी बच्चियों की उम्र डेढ़ से तीन माह के बीच बताई जा रही है। परिजन का आरोप है कि आंगनवाड़ी कार्यकर्ता गीता कुशवाहा और सुपरवाइजर लक्ष्मी कुशवाहा ने बच्चों को घर बुलाकर टीकाकरण किया। प्रत्येक बच्चे को तीन-तीन इंजेक्शन लगाए गए। इसके कुछ ही समय बाद मासूमों की तबीयत अचानक बिगड़ गई। कलेक्टर बंगले के बाहर प्रदर्शन शुक्रवार रात को नेहा और विकास कुशवाहा की डेढ़ माह कि बेटे की मौत हो गई। परिजनों के अनुसार, नेहा के पहले बेटे की भी मौत हो चुकी है। इसके बाद एक बच्ची हुई, जिसकी उम्र करीब तीन साल है और अब तीसरे बेटे की भी मौत हो गई है, जिससे परिवार गहरे सदमे में है। घटना से आक्रोशित परिजनों ने शनिवार सुबह दतिया कलेक्टर बंगले पहुंचकर प्रदर्शन किया और मामले की निष्पक्ष जांच व दोषियों पर कार्रवाई की मांग की। तीन बच्चों का अस्पताल में इलाज जारी जिला अस्पताल में भर्ती तीनों बच्चियों की हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है और डॉक्टर उनकी निगरानी में इलाज कर रहे हैं। एसडीएम संतोष तिवारी ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।


