धौलपुर में 19 दिसंबर को मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने एक प्रदेश स्तरीय महिला सम्मेलन में दावा किया कि पिछले 2 साल में जिले में 2000 करोड़ रुपए के विकास कार्य हुए हैं। इस बयान पर कांग्रेस के राजाखेड़ा और बसेड़ी विधायकों ने पलटवार करते हुए इसे ‘सफेद झूठ’ बताया है। सौतेला व्यववहार करने का आरोप
बसेड़ी विधायक और कांग्रेस जिलाध्यक्ष संजय जाटव ने आरोप लगाया कि धौलपुर जिले में भाजपा का कोई विधायक न होने के कारण प्रदेश सरकार सौतेला व्यवहार कर रही है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में हुए विकास कार्यों को अपनी 2 साल की उपलब्धियों में गिनाया है।
जाटव ने यह भी कहा कि सरकार को यदि मतभेद रखना है तो वह विधायकों से रखे, धौलपुर की जनता से नहीं। उन्होंने जिले में मनरेगा कार्यों की स्थिति को लेकर भी भजनलाल सरकार पर निशाना साधा। लोगों को गुमराह करने का आरोप
वहीं, राजाखेड़ा विधायक और प्रदेश कांग्रेस कमेटी के कोषाध्यक्ष रोहित बोहरा ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढ़म पर धौलपुर की जनता को गुमराह करने का आरोप लगाया।
बोहरा ने बताया कि मुख्यमंत्री के दौरे से एक दिन पहले गृह राज्य मंत्री ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में जिले के विधायकों को 30-30 करोड़ रुपए देने की बात कही थी। विधायक बोहरा ने गृह राज्य मंत्री के इस बयान को ‘सफेद झूठ’ करार दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि पिछले 2 वर्षों में विधायकों को केवल 25 करोड़ रुपए दिए गए हैं। बोहरा के अनुसार, इन फंड्स से विधायकों ने घोषणाएं तो की हैं, लेकिन सरकार उन्हें धरातल पर उतारने के लिए तैयार नहीं है, जिससे बजट मिलना और न मिलना बराबर है। गृह जिले में पूर्व मुख्यमंत्री को नहीं किया शामिल
कांग्रेस विधायक रोहित बोहरा ने पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे का महिला सम्मेलन में नाम तक ना लिए जाने पर प्रदेश सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि धौलपुर पूर्व मुख्यमंत्री का गृह जिला हैं। जिनका सम्मेलन के दौरान नाम तक नहीं लिया गया।


