बीकानेर में एक नवविवाहिता ने अपने मामा ससुर पर तांत्रिक क्रिया के नाम पर छेड़छाड़, शारीरिक संबंध का दबाव, मारपीट और मानसिक प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगाए हैं। पीड़िता का आरोप है कि सितंबर 2025 में बंद कमरे में उसके साथ अभद्रता की गई, जबकि सास और मामी सास मौके पर मौजूद होकर मूक दर्शक बनी रहीं। पहले थाने में एफआईआर दर्ज नहीं की गई, जिसके बाद पीड़िता ने SP कावेंद्र सिंह सागर से शिकायत की। SP के हस्तक्षेप के बाद सास, मामी सास और मामा ससुर के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज की गई है। पुलिस अब तीनों आरोपियों से पूछताछ कर सकती है। तांत्रिक क्रिया के नाम पर भरोसे का दुरुपयोग पीड़िता का विवाह मई 2025 में हुआ था। विवाह के कुछ समय बाद ही ससुराल पक्ष के एक रिश्तेदार, जो खुद को तांत्रिक बताता था, का घर में आना-जाना बढ़ गया। वह झाड़ा देने और तांत्रिक क्रिया करने के बहाने महिला के साथ अनुचित तरीके से स्पर्श करता रहा और डराने-धमकाने लगा। बंद कमरे में कथित अभद्रता का आरोप पीड़िता के अनुसार सितंबर 2025 में उसे घर की अन्य महिलाओं की मौजूदगी में कमरे में बंद किया गया। इस दौरान मामा ससुर ने उसके साथ गलत हरकतें कीं। विरोध करने पर उसके साथ मारपीट की गई और कपड़े फाड़ने की कोशिश भी की गई। शारीरिक संबंध बनाने का दबाव और मानसिक प्रताड़ना महिला का आरोप है कि तांत्रिक क्रिया के नाम पर उससे शारीरिक संबंध बनाने का दबाव डाला गया। लगातार डर और धमकी के कारण वह मानसिक रूप से प्रताड़ित होती रही। घटना के बाद किसी तरह उसने अपने परिजनों को फोन कर पूरी जानकारी दी। थाने में शिकायत, लेकिन FIR नहीं घटना के बाद पीड़िता ने बीकानेर शहर के संबंधित थाने में शिकायत दी, लेकिन आरोप है कि पुलिसकर्मियों ने एफआईआर दर्ज करने में टालमटोल की। शिकायत के बावजूद कार्रवाई नहीं होने से पीड़िता को निराशा का सामना करना पड़ा। SP से शिकायत के बाद दर्ज हुई FIR पुलिस से राहत न मिलने पर पीड़िता ने पुलिस अधीक्षक कावेंद्र सिंह सागर को पूरे मामले की शिकायत दी। एसपी के निर्देश के बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए सास, मामी सास और मामा ससुर के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज कर ली है। पूछताछ की तैयारी में पुलिस एफआईआर दर्ज होने के बाद अब पुलिस तीनों आरोपियों से पूछताछ कर सकती है। मामले में महिला की रिपोर्ट के आधार पर आगे की जांच प्रक्रिया शुरू की जा रही है।


