अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के राष्ट्रव्यापी आह्वान और प्रदेश कांग्रेस कमेटी के निर्देशानुसार सोमवार को झुंझुनूं जिला मुख्यालय पर केंद्र सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया गया। जिला कलेक्ट्रेट पर पूर्व जिलाध्यक्ष डॉ. जितेंद्र सिंह की अध्यक्षता में आयोजित इस प्रदर्शन में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मनरेगा योजना का नाम बदलने के प्रस्ताव का कड़ा विरोध किया। प्रदर्शन के दौरान कांग्रेसी कार्यकर्ता हाथों में तख्तियां लिए हुए थे, जिन पर महात्मा गांधी का अपमान नहीं सहेगा हिंदुस्तान, पहले मारा गांधी को, अब मार रहे हैं उनकी आत्मा को, और सेव मनरेगा, सेव इंडिया जैसे नारे लिखे थे। गांधीजी की तस्वीर और मनरेगा के लोगो के साथ कार्यकर्ताओं ने शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखी और केंद्र की मोदी सरकार की नीतियों की आलोचना की। प्रदर्शन के अंत में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला दहन कर रोष प्रकट किया गया। पूर्व जिला अध्यक्ष डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि मोदी सरकार तानाशाही पर उतारू है। उन्होंने आरोप लगाया कि मनरेगा का नाम बदलने की आड़ में इस ऐतिहासिक ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना को धीरे-धीरे खत्म करने की साजिश रची जा रही है। डॉ. सिंह ने भावुक होते हुए कहा कि जिस तरह नाथूराम गोडसे ने गांधीजी को गोली मारी थी, ठीक उसी तरह यह सरकार योजना से उनका नाम हटाकर उनकी आत्मा की हत्या कर रही है। योजना के ढांचे को बिगाड़ने का आरोप वक्ताओं ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि भाजपा मनरेगा का मूल ढांचा बदलना चाहती है। केंद्र और राज्य का हिस्सा 60:40 करने से राज्यों पर अतिरिक्त वित्तीय भार बढ़ेगा, जिससे गरीब मजदूरों को नुकसान होगा। नेताओं ने कहा कि भाजपा सरकार महंगाई और बेरोजगारी जैसे असली मुद्दों से जनता का ध्यान भटकाने के लिए इस तरह के हथकंडे अपना रही है। पीसीसी सदस्य सलीम सिगड़ी के संयोजन में आयोजित इस धरने को पूर्व राज्य मंत्री किशनलाल जैदिया, एआईसीसी को-ऑर्डिनेटर उर्मिला धायल, पूर्व प्रधान शेरसिंह नेहरा, और महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष शकुंतला यादव सहित दर्जनों नेताओं ने संबोधित किया। ये रहे मौजूद इस मोके पर ओबीसी कांग्रेस जिलाध्यक्ष संतोष सैनी, एनएसयूआई जिलाध्यक्ष राहुल जाखड़, सेवादल अध्यक्ष हारून लालपुर, पीसीसी सदस्य पूर्व प्रधान शेरसिंह नेहरा, महिला कांग्रेस प्रदेश महासचिव नीतू वर्मा, महिला कांग्रेस ज़िलाध्यक्ष शकुंतला यादव, एनएसयूआई ज़िलाध्यक्ष राहुल जाखड़,ओबीसी कांग्रेस ज़िलाध्यक्ष संतोष सैनी,एससी प्रकोष्ठ ज़िलाध्यक्ष अमर सिंह धीरज,पंचायती राज संगठन ज़िलाध्यक्ष राजकुमार राठी, गिडानिया ब्लॉक अध्यक्ष सुमेर महला, मुकुंदगढ़ ब्लॉक अध्यक्ष सुरेश मेघवाल, चिडावा ब्लॉक अध्यक्ष संजय सैनी, मंडावा ब्लॉक अध्यक्ष किरोड़ीमल पायल, बुहाना ब्लॉक अध्यक्ष महावीर यादव पसस सुभीता सिगड़ आदि वक्ताओं ने संबोधित किया। इस मौके पर ओबीसी कांग्रेस प्रदेश महासचिव विनोद सोनी,पूर्व ज़िलाधयक्ष सज्जन मिश्रा,सेवादल ज़िलाध्यक्ष हारून लालपुर,पर्यावरण संरक्षण प्रकोष्ठ ज़िलाध्यक्ष लोकेश जांगिड,स्थानीय निकाय प्रकोष्ठ महेश कटारिया, शिक्षक प्रकोष्ठ ज़िलाध्यक्ष धर्मपाल ख़ेदड, विधि प्रकोष्ठ ज़िलाध्यक्ष एड नवीन सैनी, अभाव अभियोग प्रकोष्ठ ज़िलाध्यक्ष इशाक निराधनूँ, डीसीसी के उपाध्यक्ष गोकुल चंद सैनी, राजकुमार ढाका, सुरेंद्र शेखावत, पवन पुजारी, महासचिव रोशन, अयूब भाटी, आकाश चौधरी, प्यारेलाल, अदनान खत्री,श्रवण सैनी, यूनुस गौरी, वीरेंद्र खीचड, डॉ मुकेश बागड़ी, नरेश खादीवाला, सचिव सुभाष भांबू, मनोहर लाल बाकोलिया, श्रीचंद झाझडिया,महेंद्र सिलायच,अब्दुल अज़ीज़ कच्छावा, रामकरण सैनी,मातादीन शर्मा,प्रवक्ता शहबाज़ फ़ारूक़ी, महिला कांग्रेस ज़िला उपाध्यक्ष मधु खन्ना, शारदा ढाका, मंडावा चेयरमैन नरेश सोनी, बिसाऊ चेयरमैन मुश्ताक़, बिसाऊ वाईस चेयरमैन रामगोपाल सैनी,मुकुंदगढ़ पूर्व चेयरमैन सत्यनारायण सैनी, झुनझुनूँ ब्लॉक अध्यक्ष अज़मत अली, उदयपुरवाटी ब्लॉक अध्यक्ष बी एल सैनी, गुढ़ा ब्लॉक अध्यक्ष राजेन्द्र गिल,नवलगढ़ ब्लॉक अध्यक्ष बलदेव सैनी,सूरजगढ़ ब्लॉक अध्यक्ष विकास सिंह, खेतड़ी -1 ब्लॉक अध्यक्ष बलराम,खेतड़ी-2ब्लॉक अध्यक्ष रामावतार सैनी, अलसीसर ब्लॉक अध्यक्ष यज्ञपाल, पिलानी ब्लॉक अध्यक्ष विनोद काजला,सिरियासर मण्डल अध्यक्ष शमशाद ,रविकान्त यादव,बाबूलाल कालोडिया, शीशराम, सैनी समाज ज़िलाध्यक्ष राजेश सैनी, संदीप सैनी उदयपुरवाटी,सत्यनारायण कसाना खेतड़ी,लक्ष्मण सेनी सहित सैंकड़ों कांग्रेस मौजूद रहे।


