झालावाड़ में मकर संक्रांति के मौके पर विमेंस विंग्स वेलफेयर सोसाइटी ने एक सराहनीय पहल की। मदारी खां का तालाब की कच्ची बस्ती में संस्था ने जरूरतमंद बच्चों को स्वेटर, पतंग और तिल की मिठाइयां वितरित की। संस्था की अध्यक्ष रश्मि टोंग्या और उपाध्यक्ष डॉ. रूचि कुलश्रेष्ठ ने बताया कि पौष माह में दान और सेवा का विशेष महत्व होता है। यह वह समय है जब सूर्य मकर राशि में प्रवेश करता है, जिसे हिंदू धर्म में महादान का काल माना जाता है। इसी कारण शीत ऋतु में कच्ची बस्ती के वंचित परिवारों के बच्चों को स्वेटर दिए गए। बोर्ड डायरेक्टर डॉ. कल्पना चतुर्वेदी और मीडिया हेड पूनम रौतेला ने बताया कि 14 जनवरी को मनाए जाने वाले मकर संक्रांति पर्व पर पतंगबाजी और तिल की मिठाइयां खाने की परंपरा है। बच्चों को भारतीय संस्कृति से जोड़ने के लिए यह विशेष आयोजन किया गया। कार्यक्रम के दौरान क्लब के सदस्यों ने बच्चों और उनके परिजनों को मकर संक्रांति का महत्व समझाया। साथ ही शीत ऋतु में बच्चों को ठंड और वायरल बीमारियों से बचाने के उपाय भी बताए। विमेंस विंग्स वेलफेयर सोसाइटी का मानना है कि ऐसे कार्यक्रमों से न केवल नई पीढ़ी को भारतीय संस्कृति से जोड़ा जा सकता है, बल्कि परंपराओं को आगे की पीढ़ियों तक भी पहुंचाया जा सकता है।


