छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में नाबालिग बालिकाओं से दुष्कर्म के दो अलग-अलग मामलों में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की है। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। इन दोनों ही मामलों में नाबालिग बालिकाएं गर्भवती हो गई थीं, जिसके बाद अपराधों का खुलासा हुआ। ये मामले चौकी दोकड़ा और थाना आस्ता क्षेत्र से संबंधित हैं। एक प्रकरण में फरार आरोपी को महाराष्ट्र के पुणे जिले से गिरफ्तार कर जशपुर लाया गया, जबकि दूसरे मामले में आरोपी को मनोरा क्षेत्र से दबोचा गया। चौकी दोकड़ा क्षेत्रांतर्गत एक गांव की महिला ने 6 दिसंबर 2025 को रायपुर के थाना आमानाका में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उसकी 16 वर्षीय बेटी, जो 10वीं कक्षा की छात्रा है, को अचानक चक्कर आने पर इलाज के लिए रायगढ़ के एक निजी अस्पताल ले जाया गया। वहां चिकित्सकों ने उसे गर्भवती बताया और स्थिति गंभीर होने पर रायपुर रेफर कर दिया। रायपुर के एक अस्पताल में 24 नवंबर 2025 को नाबालिग बालिका ने एक बच्ची को जन्म दिया। पूछताछ में पीड़िता ने बताया कि जब वह 9वीं कक्षा में पढ़ती थी, तब उसी स्कूल में अध्ययनरत 19 वर्षीय लक्ष्मण राम से उसकी पहचान हुई थी। आरोपी ने दोस्ती बढ़ाकर शादी का झांसा दिया और 15 अप्रैल 2025 से 25 मई 2025 के बीच अलग-अलग समय पर उसका दैहिक शोषण किया। इस प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए, थाना आमानाका, रायपुर में आरोपी के विरुद्ध बीएनएस की धारा 65(1) और पॉक्सो एक्ट की धारा 4 व 6 के तहत शून्य में अपराध पंजीबद्ध किया गया। बाद में, जांच के लिए मामला चौकी दोकड़ा भेजा गया, जहां अपराध दर्ज कर जांच शुरू की गई। घटना के बाद से फरार आरोपी लक्ष्मण राम के बारे में पुलिस को सूचना मिली कि वह महाराष्ट्र के ग्राम बडगांव मावल, पुणे में छिपा है। एसएसपी शशि मोहन सिंह के निर्देश पर एक पुलिस टीम महाराष्ट्र गई और आरोपी को पकड़कर जशपुर लाया। पूछताछ में आरोपी ने अपराध स्वीकार किया और पर्याप्त सबूत मिलने के बाद उसे कानूनी कार्रवाई के तहत गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। दूसरा थाना आस्ता क्षेत्र का मामला आस्ता क्षेत्र की एक महिला ने 12 दिसंबर 2025 को थाना सिटी कोतवाली जशपुर में रिपोर्ट दर्ज कराई कि उसकी 17 वर्षीय बेटी पेट दर्द की शिकायत पर अस्पताल गई, जहां डॉक्टरों ने उसे गर्भवती बताया। महिला ने बताया कि मार्च 2025 में उसकी बेटी की पहचान सहेली के जरिए संजीत टोप्पो (19 वर्ष) से हुई थी, जो चौकी मनोरा क्षेत्र का निवासी है। आरोपी ने प्रेम और शादी का झांसा देकर उसे अपने घर ले जाकर दैहिक शोषण किया, जिससे वह गर्भवती हो गई। पीड़िता की शिकायत पर थाना सिटी कोतवाली जशपुर में आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज किया गया और जांच के लिए इसे थाना आस्ता भेजा गया। घटना के बाद से फरार आरोपी संजीत टोप्पो को पुलिस ने मुखबिर की सूचना और तकनीकी सबूतों के आधार पर उसके घर से पकड़ लिया। पूछताछ में आरोपी ने अपराध स्वीकार किया और पर्याप्त सबूत मिलने के बाद उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया। एसएसपी शशि मोहन सिंह ने कहा कि जशपुर पुलिस महिलाओं और बच्चों से जुड़े अपराधों के प्रति संवेदनशील है। दोकड़ा और आस्ता क्षेत्र में नाबालिक लड़कियों से जुड़े दुष्कर्म के मामलों में आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है। ऐसे जघन्य अपराधों में शामिल किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा।


