सीहोर जिले के आष्टा में 21 दिसंबर को करणी सेना के कार्यकर्ताओं पर हुए हमले के मामले में लोगों में आक्रोश है। करणी सेना ने गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर आरोपियों पर ठोस कार्रवाई नहीं होने पर 28 दिसंबर को धरना-प्रदर्शन और एसडीएम कार्यालय का घेराव करने की चेतावनी दी है। इसमें प्रदेशभर से करणी सेना की टीमें और प्रदेश अध्यक्ष शामिल होंगे। वह आरोपियों के घर पर बुलडोजर चलाने की मांग कर रहे है। कार्रवाई नहीं होने पर धरना प्रदर्शन का अल्टीमेटम करणी सेना ने पुलिस प्रशासन को चेतावनी दी है। सदस्यों ने कहा कि अगर 28 दिसंबर तक आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई नहीं की जाती है तो पूरे प्रदेश से करणी सेना के सदस्य और प्रदेश अध्यक्ष इस प्रदर्शन में शामिल होंगे। अगर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की जाती, तो इसके लिए पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। अलीपुर क्षेत्र में हुई थी पत्थरबाजी पिछले रविवार को आष्टा शहर के अलीपुर क्षेत्र में करणी सेना के कार्यकर्ताओं पर पत्थरबाजी की गई थी, जिससे उनकी गाड़ियों के कांच टूट गए थे। इस घटना के बाद से करणी सेना और व्यापारी महासंघ ने प्रदर्शन किया और प्रशासन से कड़ी कार्रवाई की मांग की थी, लेकिन अभी तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। आरोपियों के घरों पर बुलडोजर चलाने की मांग पत्रकार वार्ता में करणी सेना के नेताओं ने आरोप लगाया कि सोशल मीडिया पर आरोपियों के वीडियो वायरल होने के बावजूद सभी आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई है। प्रदेश मंत्री
सतपाल सिंह ने कहा कि पुलिस ने केवल 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि एफआईआर में लगभग 100 लोगों का नाम है। करणी सेना ने मांग की है कि सभी आरोपियों पर बुलडोजर कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके। पत्थरबाजी कर गाड़ियों को नुकसान पहुंचाया वहीं हिंदू उत्सव समिति के पूर्व अध्यक्ष कालू भट्ट ने प्रेस वार्ता में पूरी घटना जानकारी दी। उन्होंने बताया कि करणी सेना के सदस्य हरदा आंदोलन से लौट रहे थे, जब अलीपुर क्षेत्र में उन पर पत्थरबाजी की गई और उनकी गाड़ियों को नुकसान पहुंचाया गया। इस दौरान एक किसान का ट्रैक्टर भी क्षतिग्रस्त हो गया और बैंक के एटीएम में जा घुसा। अन्य जगह कार्रवाई, फिर आष्टा में क्यों नहीं करणी सेना और अन्य हिंदू संगठनों के नेताओं ने यह भी आरोप लगाया कि प्रशासन ने अभी तक पर्याप्त कार्रवाई नहीं की है। प्रदेश प्रभारी जितेंद्र सिंह ने कहा कि मध्यप्रदेश में अन्य जगहों जैसे उज्जैन, खंडवा और बुरहानपुर में बुलडोजर चलाकर सख्त कार्रवाई की गई है, लेकिन आष्टा में इस तरह की कार्रवाई क्यों नहीं की गई। अगर आष्टा या क्षेत्र का कोई भी नेता आरोपियों को बचा रहा है तो संगठन उसका भी विरोध करेगा। उन्होंने कहा कि अगर 28 दिसंबर तक आरोपियों पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जाती है, तो करणी सेना और अन्य हिंदू संगठन प्रदेशभर में धरना प्रदर्शन करेंगे। मामले से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… आष्टा में दो समुदाय भिड़े…भोपाल-इंदौर हाईवे पर गाड़ियों में तोड़फोड़:पुलिस का लाठीचार्ज; करणी सेना परिवार के अध्यक्ष बोले- बदनाम करने की साजिश सीहोर जिले के आष्टा में दो समुदायों के बीच विवाद के बाद पथराव हुआ और कई गाड़ियों में तोड़फोड़ की गई। घटना के चलते इलाके में तनाव फैल गया। इसके बाद करणी सेना के कार्यकर्ताओं ने भोपाल–इंदौर हाईवे जाम कर दिया। पुलिस के मोर्चा संभालने के बाद हालात काबू में आए। पढ़ें पूरी खबर —————————————————————- आष्टा में करणी सेना पर हमले के 6 आरोपी और पकड़ाए:पुलिस ने अब तक 10 लोगों को गिरफ्तार किया, सभी को जेल भेजा आष्टा के अलीपुर में करणी सेना के कार्यकर्ताओं पर हुए हमले के मामले में पुलिस ने 6 और आरोपियों को पकड़ा है, जिससे इस मामले में गिरफ्तार होने वालों की कुल संख्या अब 10 हो गई है। पुलिस बाकी फरार आरोपियों की तलाश में लगातार छापेमारी कर रही है। पढ़ें पूरी खबर


