जशपुर जिले में एक जमीन विवाद को लेकर मारपीट हो गई। इस मामले में पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए एक ही पक्ष के 9 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया और उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया। घटना के बाद गांव में तनाव की स्थिति को देखते हुए पुलिस ने फ्लैग मार्च किया और शांति व्यवस्था बनाए रखने की कोशिश की। फिलहाल, गांव में स्थिति सामान्य है, लेकिन पुलिस पूरी घटना पर नजर बनाए हुए है। यह मामला चौकी कोतबा क्षेत्र के ग्राम खजरीढाब का है। जानिए पूरा मामला पुलिस के अनुसार, 24 दिसंबर 2025 को ग्राम खजरीढाब के भुवन लाल (52 वर्ष) ने चौकी कोतबा में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। भुवन लाल ने बताया कि 2016 में आरोपी भद्देश्वर यादव ने उनके पिता कन्हैया लाल को खजरीढाब में 20 डिसमिल जमीन बेची थी और इसकी रजिस्ट्री भी हो गई थी। लेकिन, 2025 में भद्देश्वर ने उसी जमीन से जुड़ी 60 डिसमिल जमीन को कोतबा निवासी कुलदीप को बेच दी। अब कुलदीप ने पहले से खरीदी गई 20 डिसमिल जमीन पर भी अधिकार जताया। इसी विवाद के चलते 23 दिसंबर को कुलदीप और उसके साथियों ने जमीन पर कब्जा करने की कोशिश की, जिसका विरोध करने पर भुवन लाल और उनके परिवारवालों के साथ मारपीट की गई। फिर हुआ दूसरा हमला पुलिस कार्रवाई से नाराज होकर 24 दिसंबर को भद्देश्वर और उसके परिवारवालों ने भुवन लाल के घर पर हमला कर दिया। आरोप है कि आरोपियों ने गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी और भुवन लाल और उनके परिवारवालों के साथ बेरहमी से मारपीट की। इस दौरान भुवन लाल के पिता कन्हैया यादव पर लाठी से हमला किया गया, जिससे वे मौके पर ही बेहोश हो गए। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन आरोपी फरार हो गए थे। पुलिस कार्रवाई और गिरफ्तारी घटना के बाद पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मामला दर्ज किया और 9 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपियों से 6 लाठी-डंडे भी बरामद किए। पूछताछ में आरोपियों ने अपराध स्वीकार किया और पर्याप्त सबूत मिलने पर उन्हें न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया। गिरफ्तार आरोपियों में भद्दे राम यादव (52 वर्ष), खीत्रो मणि यादव (52 वर्ष), तलेश्वर यादव (34 वर्ष), महेश्वर यादव (48 वर्ष), ललित यादव (52 वर्ष), जागेश्वर यादव (45 वर्ष), आगेश्वर यादव (32 वर्ष), रुशि यादव (52 वर्ष), और गोपी यादव (26 वर्ष) शामिल हैं। सभी आरोपी ग्राम खजरीढाब के निवासी हैं। गांव में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस ने फ्लैग मार्च किया और किसी भी अशांति को बर्दाश्त न करने की चेतावनी दी। एसएसपी शशि मोहन सिंह ने कहा कि पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की और गांव में शांति बनाए रखने के लिए निगरानी जारी रखी है।


