खालसा पंथ के संस्थापक श्री गुरु गोबिंद सिंह के शहीद साहिबजादों और माता गुजरी कौर को समर्पित शहीदी दिवस पर गुरुवार को चारों वीर सपूतों बाबा अजीत सिंह, बाबा जुझार सिंह, बाबा जोरावर सिंह और बाबा फतेह सिंह के साथ सिख पंथ की पहली शहीद महिला माता गुजरी को स्टेशन रोड गुरुद्वारा में श्रद्धासुमन अर्पित किए गए। स्त्री सत्संग सभा ने गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के सहयोग से स्टेशन रोड गुरुद्वारा में सजाए गए शहीदी दीवान की शुरुआत सहज पाठ के भोग से हुई। कडरू गुरुद्वारा के हजूरी रागी भाई अविनाश सिंह ने जऊ तऊ प्रेम खेलन का चाऊ…शबद बच्चों की शहीदी को समर्पित किया। गुरुद्वारा हेड ग्रंथी ज्ञानी हरनाम सिंह ने साची प्रीत हम तुम सिऊ जोरी…शबद गायन किया। सरदार महेंदर सिंह पिंकी जसलील कौर, प्रभजोत सिंह और साहिबा कौर ने सिखों की कुर्बानियों और गुरुओं की शहादत पर शबद गायन किया। रागी भाई उदय सिंह ने शबद गायन किया। उनके बाद हजूरी रागी भाई भरपूर सिंह और उनके साथियों ने शबद गाकर शहादत को मत्था टेका। मेन रोड गुरुद्वारा के हजूरी रागी भाई मनप्रीत सिंह और उनके साथियों ने शबद गायन किया और बालकों की शहादत पर कविता पढ़ी। हेड ग्रंथी विक्रम सिंह ने शहीद साहिबजादों के शौर्य और बहादुरी पर प्रकाश डाला।


