दंतेवाड़ा| जिले में आरटीओ और पुलिस विभाग की मेहरबानी से बस संचालक मनमानी कर रहे हैं। हालात यह हैं कि बिना दरवाजे की बस महीनों से सड़क पर दौड़ रही है और दो जिले के आरटीओ और पुलिस की नजर इस पर नहीं पड़ रही है। सुकमा से दंतेवाड़ा के बीच चलने वाली हर्ष ट्रेवल्स की बस में दरवाजा की जगह रस्सी बांधकर यात्रियों को ढोया जा रहा है। बस का पैर दान टूटा हुआ है, खिड़कियों में कांच नहीं है फिर भी बस रोज सुकमा से दंतेवाड़ा के बीच यात्रियों को लेकर आना-जाना कर रही है। आखिर अनफिट बस का फिटनेश कैसे पास किया गया यह बड़ा सवाल है। सुकमा और दंतेवाड़ा दोनों जगह आरटीओ के अधिकारी हैं, सुकमा से दंतेवाड़ा तक 4 थाने पड़ते हैं पर इन बसों की कहीं भी जांच नहीं होती।


