भास्कर न्यूज | बालोद गुरुवार को कुरदी खरीदी केंद्र में लोडिंग के बावजूद 2 ट्रक देर शाम तक खड़ी रही। वजह सर्वर डाउन की वजह से गेट पास नहीं बन पाया। वहीं सिस्टम में धान की मात्रा नहीं दिखाने की वजह से बिना लोडिंग केंद्र के बाहर चार ट्रकें खड़े रहे। यूं कहें कि सिस्टम के चलते धान उठाव के लिए भेजी गई 6 ट्रकें शोपीस बने रहे। कुरदी केंद्र के अलावा अन्य केंद्रों में भी सर्वर डाउन के चलते यह स्थिति बनी। फिलहाल की स्थिति में जिले के 143 केंद्रों में 27 लाख 51 हजार 647 क्विंटल धान जाम है। केंद्रों से कुल खरीदी का सिर्फ 14.19% धान का उठाव हो पाया है। जिला सहकारी बैंक के अनुसार 15 नवंबर से 24 दिसंबर तक 32 लाख 6 हजार 774.40 क्विंटल धान की खरीदी हो चुकी है। जिसमें 4 लाख 55 हजार 127.28 क्विंटल धान का उठाव हो पाया है। ऐसे में परिवहन की वास्तविक स्थिति का अंदाजा लगा सकते हैं। भले ही विभागीय अफसर दावा कर रहे हैं कि 10 लाख क्विंटल से ज्यादा धान उठाव के लिए आदेश जारी हो चुका है लेकिन वर्तमान स्थिति ऐसी है कि 5 लाख क्विंटल से कम धान का उठाव हो पाया है। चार संग्रहण केंद्रों के लिए टीओ जारी होने का इंतजार ट्रक मालिक परिवहन संघ के अध्यक्ष मनोज चांडक ने बताया कि सरकार की मंशा क्या है, समझ से परे है। अब तक केंद्रों से धान उठाव के लिए टीओ जारी नहीं हो पाया है। सिर्फ डीओ जारी हो रहा है। सोसायटियों में धान की बंपर आवक हो रही है। परिवहन नहीं होने से जाम की स्थिति बन रही है। कई केंद्रों मंे उठाव ही शुरु नहीं हो पाया है। बालोद जिले में चार संग्रहण केंद्र मालीघोरी, जगतरा, धोबनपुरी, फुण्डा में है। इन चारों केंद्रों मंे 24-25 लाख क्विंटल धान रखने की क्षमता है। खरीदी 15 नवंबर से खरीदी शुरु हुई है। केंद्रों से 10 क्विंटल धान उठाव के लिए डीओ जारी डीएमओ टिकेंद्र कुमार राठौर ने बताया कि जिले के खरीदी केंद्रों से 10 लाख से ज्यादा क्विंटल धान उठाव के लिए आदेश जारी हो चुका है। शासन के आदेश अनुसार डीओ जारी कर रहें है। टीओ भी जल्द जारी होने की उम्मीद है। फिलहाल जिले के सभी केंद्र में धान खरीदी हो रही है। कहीं भी खरीदी प्रभावित नहीं है। जिला सहकारी बैंक के अनुसार नारागांव, सिर्री, तिलोदा, सिब्दी, साल्हे, सुर्रा, संजारी, सतमरा, मोखा, मोहारा, रेंगाडबरी, खुटेरी, रजोली, रनचिरई, राणाखुज्जी, राहुद, भाठागांव बी, भालुकोन्हा, सिंगारपुर, भिलाई, भीमकन्हार, मंगचुवा, बेलोदा, मंगलतराई, मनकी, रीवागहन, भंवरमरा, भाठागांव, भरदा, ओड़ारसंकरी, कुआगोंदी, सुरडोंगर, कचांदुर, कमकापार, कसौंदा, कोटागांव, कोड़ेकसा, कोड़ेवा, कन्याडबरी, खामतराई, खैरकट्टा, खेरथा, गब्दी, माहुद अ, गोड़ेला, गोरकापार, सकरौद, घोटिया, पटेली, चेब नवागांव, चंदनबिरही, चिखलाकसा, जेवरतला, डौंडी, तवेरा, मार्री, निपानी, पिनकापार, बरबसपुर केंद्र में धान का उठाव नहीं हुआ। यहां 9 हजार से लेकर 30 हजार क्विंटल धान जाम है।


