संतरे के बगीचे में चल रही थी ड्रग फैक्ट्री:मंदसौर में मकान को बना रखा था लैब; खुदाई कर निकाला गया MDMA बनाने का केमिकल

मंदसौर जिले में केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो (सीबीएन) ने संतरे के बगीचे के बीच छिपी MDMA ड्रग फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया है। गरोठ तहसील के खारखेड़ा गांव के पास स्थित इस फैक्ट्री से सोमवार को भारी मात्रा में ड्रग बनाने का केमिकल जब्त किया गया है। सीबीएन ने सोमवार देर रात प्रेस नोट जारी कर कार्रवाई की जानकारी दी। सीबीएन अधिकारियों ने बताया कि फैक्ट्री दुर्गम क्षेत्र में थी, जहां वाहनों की पहुंच मुश्किल है। टीम पैदल चलकर ही मौके तक पहुंची। वहां संतरे के बगीचे के बीच एक मकान को लैब में तब्दील किया गया था। मौके से एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया, जिसने बताया कि ड्रग बनाने का केमिकल खेत में दबाया गया है। इसके बाद टीम ने खुदाई कर 80 किलो केमिकल बरामद किया। देखिए कार्रवाई की 4 तस्वीरें- खुदाई कर बरामद किया केमिकल पाउडर
सीबीएन की टीम ने खेत में खुदाई कर केमिकल पाउडर बरामद किया। कुल 80.96 किलोग्राम ठोस और 7.5 लीटर तरल केमिकल जब्त किया गया। इससे हर महीने 50 किलोग्राम MDMA सिंथेटिक ड्रग बनाया जा सकता है। बरामद केमिकल्स में एसीटोन, टॉल्यूइन, हाइड्रोक्लोरिक एसिड, सोडियम सल्फेट, सोडियम कार्बोनेट, सल्फ्यूरिक एसिड, ब्रोमीन वाटर और इथेनॉल शामिल हैं। एक आरोपी गिरफ्तार, पूछताछ जारी
ड्रग बनाने की इस फैक्ट्र से ड्रग निर्माण में इस्तेमाल होने वाले उपकरण भी बरामद किए गए। इनमें यूवी कंट्रोलर, वैक्यूम ओवन, इलेक्ट्रॉनिक तराजू, टेस्ट ट्यूब्स, फनल, पिपेट, बीकर, फ्लास्क, फिल्टर, स्टैंड, वाटर पंप और अन्य उपकरण शामिल हैं। आरोपी के खिलाफ मादक पदार्थ तस्करी का मामला दर्ज किया गया है। ये खबरें भी पढ़ें- भोपाल में 1800 करोड़ की एमडी ड्रग्स जब्त मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में 1800 करोड़ रुपए से ज्यादा कीमत की एमडी ड्रग्‍स बरामद हुई है। नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) और एटीएस गुजरात ने मिलकर शनिवार को एक फैक्ट्री में रेड की, जहां ड्रग्स बनाई जा रही थी। इस मामले में 2 लोगों को गिरफ्तार भी किया गया है। पढ़ें पूरी खबर… पहली बार खुलासा– फैक्ट्री में कैसे बनती थी एमडी ड्रग्स भोपाल में पकड़ी गई मेफेड्रॉन (एमडी) ड्रग्स की फैक्ट्री के तीन अहम किरदार जेल पहुंच गए हैं। फैक्ट्री लगाने से लेकर माल सप्लाई करने तक की जिम्मेदारी इन तीनों की थी। मगर, फैक्ट्री से जुड़े तीन और अहम किरदार हैं। ये तीनों वे कर्मचारी हैं, जो आरोपियों के कहने पर एमडी ड्रग्स बनाते थे। पढ़ें पूरी खबर…

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *