युवा मामलों और खेल मंत्रालय की पहल के तहत जिला स्तरीय विकसित भारत यूथ पार्लियामेंट2026 का आयोजन सीटीयूनिवर्सिटी कैंपस में किया गया।कार्यक्रम का विषय आपातकाल के 50 वर्ष: भारतीय लोकतंत्र के लिए सबक रखा गया, जिसका उद्देश्य युवाओं को लोकतांत्रिक मूल्यों और देश के संवैधानिक इतिहास से जोड़ना था। इस कार्यक्रम में कुल 50 स्टूडेंट्स ने रजिस्ट्रेशन करवाया, जबकिअमृतसर, रोपड़, लुधियाना,जगराओं, मोगा, फिरोजपुर, मालेरकोटला और रायकोट जिलों से आए प्रतिभागियों ने जिला स्तर की प्रतियोगिता में सक्रिय भागीदारी निभाई। प्रतिभागियों ने अपने विचारों के माध्यम से आपातकाल के दौर, अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता,लोकतांत्रिक संस्थाओं की भूमिकाऔर वर्तमान समय में युवाओं कीजिम्मेदारी जैसे मुद्दों पर प्रभावशाली वक्तव्य दिए। युवाओं की भाषण कला, नेतृत्व क्षमता और समसामयिक सामाजिक-राजनीतिकविषयों की समझ ने निर्णायक मंडलको खासा प्रभावित किया। कार्यक्रम का उद्देश्य केवल प्रतियोगिता तक सीमित नहीं था,बल्कि युवाओं को जिम्मेदार नागरिक बनने और राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए प्रेरित करना भी रहा।-जिला स्तर से राज्य और राष्ट्रीय मंच तक पहुंचेंगे चयनित युवा-जिला स्तर पर चयनित स्टूडेंट्सअब चंडीगढ़ स्थित पंजाब विधानसभा में होने वाले राज्यस्तरीय विकसित भारत यूथपार्लियामेंट 2026 में हिस्सा लेंगे। इसके बाद राज्य स्तर पर चयनित प्रतिभागियों को नई दिल्ली स्थित संसद भवन में राष्ट्रीय स्तर परपंजाब का प्रतिनिधित्व करने का अवसर मिलेगा। कार्यक्रम के दौरान निर्णायक मंडल में सीटीग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस, जालंधर से जुड़ी शिक्षाविद् हस्तियां शामिल रहीं, जिन्होंने प्रतिभागियोंका मूल्यांकन किया। कार्यक्रम में चांसलर चरणजीत सिंह, वाइसचांसलर डॉ. नितिन टंडन, प्रोवाइस चांसलर डॉ. सिमरन कौरगिल, रजिस्ट्रार संजय खंडूरी औरडिवीजन ऑफ स्टूडेंट वेलफेयरके डायरेक्टर एर. दविंदर सिंहविशेष रूप से उपस्थित रहे। वाइस चांसलर डॉ. नितिन टंडन ने कहा कि ऐसे मंच युवाओं को लोकतंत्र की यात्रा को समझने और देश के भविष्य को आकार देने में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए प्रेरित करते हैं। वहीं रजिस्ट्रार संजय खंडूरी ने युवाओं की भागीदारी को सहभागी लोकतंत्र की मजबूत नींव बताते हुए इसे आने वाली पीढ़ी के लिए प्रेरणादायक बताया।


