गुना जिले के आरोन इलाके में सूदखोरों से परेशान होकर एक किसान ने जहर खाकर जान दे दी। कर्जदारों से तंग आकर आत्महत्या करने की यह एक हफ्ते में तीसरी घटना है। मृतक का नाम भूरा खान (32) है। शनिवार रात जहर खाने के बाद उन्हें जिला अस्पताल लाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। रविवार सुबह पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। आरोन निवासी भूरा खान पुत्र रहीस खान खेती करते थे। उन्होंने कई लोगों से कर्जा ले रखा था। इसके अलावा ट्रैक्टर का लोन भी लिया था, जिसकी सात किश्तें उन्होंने भर दी थीं और पांच बाकी थीं। कई प्राइवेट कर्जदार लगातार उनसे पैसों की मांग कर रहे थे और मारने की धमकियां देते थे। अस्पताल में तोड़ा दम शनिवार रात भूरा ने अचानक जहर खा लिया। परिवार वाले उन्हें लेकर पहले आरोन अस्पताल पहुंचे, जहां से उन्हें जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। यहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। रात में शव को पीएम रूम में रखवा दिया गया था। रविवार सुबह पोस्टमार्टम के बाद शव परिवार वालों को सौंप दिया गया। कर्जदार ने घर आकर प्लॉट मांगा भूरा के पिता रहीस खान ने बताया कि कई लोगों से उसने कर्जा लिया था। वे पैसे वापस मांग रहे थे। एक कर्जदार कुछ दिन पहले घर आया और मुझसे बोला, “पैसे नहीं दे सकते तो प्लॉट नाम करा दो।” मैंने कहा, “मैं क्यों कराऊं, मुझे कोई मतलब नहीं है। तुम लोग अपना आपस में समझो।” 30 लाख देने के बाद भी उधारी बाकी पिता ने बताया कि ट्रैक्टर की किश्त के लिए भी लोग आए थे। पता चला कि 40-40 हजार की सात किश्तें भर दी थीं और पांच बाकी थीं। पिता ने यह भी बताया कि बेटा अक्सर उधारी चुकाने के लिए पैसे मांगता था। वे उसे लगभग 30 लाख रुपए दे चुके थे, इसके बावजूद भी उधारी खत्म नहीं हो रही थी।


