छिंदवाड़ा के हर्रई विकासखंड में बीते 15 वर्षों से पदस्थ विकासखंड शिक्षा अधिकारी (बीईओ) प्रकाश कालंबे की कार्यशैली को लेकर शिक्षकों में भारी असंतोष व्याप्त है। शिक्षकों ने उन पर भेदभाव, पक्षपात, अनियमितताओं और उगाही जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं। मामले को लेकर बीईओ को तत्काल हटाने और उच्च स्तरीय जांच की मांग की गई है। बीते मंगलवार भी शिक्षक कौन है कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर के ज्ञापन दिया था शिक्षकों का कहना है कि लंबे समय से बीईओ के पद पर जमे रहने के कारण विकासखंड में मनमानी व्यवस्था हावी हो गई है, जिससे शिक्षक, दैनिक वेतनभोगी, अंशकालीन कर्मचारी और सेवानिवृत्त शिक्षक सभी परेशान हैं। आज सभी शिक्षक एकत्रित होकर कलेक्टर कार्यालय पहुंचे थे जहां उन्होंने अपनी शिकायत दी। ये हैं प्रमुख आरोप शिक्षकों का आरोप
शिक्षकों का कहना है कि यदि ऊपर से कोई कार्रवाई होती भी है, तो निचले स्तर के कर्मचारियों को आगे कर बीईओ को बचा लिया जाता है। बाद में उन्हीं कर्मचारियों को बचाकर उन्हें पुरस्कृत किया जाता है। यह व्यवस्था वर्षों से चल रही है। हटाने और जांच की मांग
शिक्षकों ने चेतावनी दी है कि यदि बीईओ को तत्काल प्रभाव से हर्रई विकासखंड से नहीं हटाया गया और निष्पक्ष जांच नहीं हुई, तो शिकायतकर्ताओं को प्रताड़ित किया जा सकता है। उनका कहना है कि लंबे समय से जारी अन्याय और अनाचार का अंत तभी संभव है, जब निष्पक्ष जांच के साथ जिम्मेदार अधिकारी को हटाया जाए


