झारखंड हाईकोर्ट में गुरुवार को महिलाओं और स्कूली छात्राओं के साथ बढ़ते अपराध से जुड़ी जनहित याचिका पर सुनवाई हुई। हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस एमएस. रामचंद्र राव और जस्टिस दीपक रोशन की अदालत ने ऐसे अपराध को रोकने के लिए अब तक की गई कार्रवाई की स्टेटस रिपोर्ट मांगी है। अदालत ने मौखिक कहा कि महिलाओं के खिलाफ होने वाले अपराध को रोकने का नियम सिर्फ कागज पर नहीं बनाएं। जो नियम बनाएं गए हैं, उसे सख्ती से लागू करें। उन नियमों की जानकारी आम लोगों को भी दें, ताकि लोग जागरूक करें। इसके लिए प्रचार-प्रसार करें। अदालत ने नियमों को लागू करके इसकी जानकारी प्रस्तुत करने का निर्देश देते हुए मामले की अगली सुनवाई अप्रैल में निर्धारित की है। मालूम हो कि रिम्स की लिफ्ट में महिला डॉक्टर से छेड़छाड़, जमशेदपुर में स्कूल वैन ड्राइवर द्वारा तीन वर्ष की छात्रा के साथ यौन शोषण, अपर बाजार में स्कूली बच्चियों से छेड़छाड़ सहित अन्य मामलों को लेकर हाईकोर्ट में अधिवक्ता भारती कौशल ने जनहित याचिका दाखिल की है।


