कोहरे के कारण उत्तर भारत में ट्रेनों की रफ्तार धीमी:शताब्दी, वंदे भारत सहित दो दर्जन से अधिक ट्रेनें लेट

उत्तर भारत में घने कोहरे के कारण रेल यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ है। ग्वालियर सहित पूरे क्षेत्र में दो दर्जन से अधिक ट्रेनें अपने निर्धारित समय से कई घंटे देरी से चल रही हैं, जिससे यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इनमें शताब्दी और वंदे भारत जैसी प्रमुख ट्रेनें भी शामिल हैं। रेलवे अधिकारियों के अनुसार, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, पंजाब और राजस्थान की ओर से आने वाली ट्रेनों की गति कोहरे के कारण धीमी करनी पड़ी है। कम दृश्यता के चलते सुरक्षा कारणों से ट्रेनों को विभिन्न स्थानों पर रोक-रोक कर चलाया जा रहा है। दिन के समय भी ट्रेनों को हेडलाइट्स का उपयोग करना पड़ रहा है। इस विलंब का सीधा असर ग्वालियर से गुजरने वाली प्रमुख ट्रेनों पर पड़ा है। शताब्दी एक्सप्रेस, वंदे भारत एक्सप्रेस, पंजाब मेल, श्रीधाम एक्सप्रेस, गोवा संपर्क क्रांति और छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस जैसी ट्रेनें 2 से 5 घंटे तक की देरी से चल रही हैं। ठंड और कोहरे के बीच प्लेटफॉर्म पर ट्रेनों का इंतजार करना यात्रियों के लिए एक बड़ी चुनौती बन गया है। विशेषकर बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों को इस मौसम में अधिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। लगातार हो रही देरी के कारण ई-टिकट और विंडो टिकट के कैंसिलेशन में भी वृद्धि हुई है। बड़ी संख्या में यात्रियों ने अपने टिकट रद्द कराए हैं, जिसके लिए रेलवे द्वारा निर्धारित नियमों के तहत रिफंड जारी किया गया है। फिलहाल, ट्रेनों के विलंब से चलने की संभावना बनी हुई है। छत्तीसगढ़ ट्रेन का इंतजार कर रहे यात्री सुभाष ने बताया कि मैं काफी समय से ट्रेन का इंतजार कर रहा हूं। बताया जा रहा है कि कोहरे के कारण ट्रेन लेट हुई हैं। एक घंटे से अधिक हो गया है और अभी भी ट्रेन लेट दिखा रही है। पता नहीं कब आएगी और हम कब अपने गंतव्य तक पहुंचेंगे। गतिमान एक्सप्रेस से यात्रा करने वाले धर्मेंद्र चौहान ने अपनी परेशानी साझा करते हुए कहा कि जल्दी पहुंचने के लिए मैंने गतिमान ट्रेन का टिकट बुक करवाया था, लेकिन यह भी देरी से चल रही है। आधा घंटे से ऊपर हो चुका है और ट्रेन अभी तक नहीं आई है। मेरा पूरा शेड्यूल खराब हो गया है, क्योंकि मुझे एक जरूरी काम से कहीं पहुंचना था, लेकिन ट्रेन की देरी के कारण अब उस काम में भी रुकावट आने की आशंका है।

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