कोटा| लक्ष्मण विहार – हाऊसिंग बोर्ड कॉलोनी, कुन्हाड़ी के मध्य स्थित चमत्कारेश्वर महादेव मंदिर में गुरुवार को शिवमहापुराण कथा के दौरान कथा वाचक पंडित अनिल दीक्षित ने कहा कि शिव को प्राप्त करने के तीन प्रमुख साधन हैं- कीर्तन, श्रवण एवम मनन। इन्ही साधनों द्वारा भगवान शिव की स्तुति करने से मुक्ति संभव है। कलियुग के प्राणियों के पापों को नष्ट करने में सभी वेदांतो का सार एक शिवमहापुराण ही है। भगवान शिव निराकार भी है और साकार भी । इनकी पूजा शिवलिंग में निराकार एवं मूर्ति में साकार रूप में की जाती है। भगवान शिव का पंचाक्षर मंत्र ॐ नमः शिवाय मनुष्य को समस्त प्रकार के बंधनों से मुक्त कर शिवलोक की प्राप्ति करवाता है।


