रायसेन जिले के सूंड, सालेरा सहित पांच से अधिक गांवों के ग्रामीणों ने सड़क निर्माण में हो रही देरी को लेकर बुधवार को कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन सौंपा। ग्रामीणों ने प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) के तहत रायसेन–विदिशा मार्ग से ग्राम सालेरा तक स्वीकृत 8.192 किलोमीटर लंबी सड़क का निर्माण शीघ्र शुरू कराने की मांग की। अप्रैल 2023 में मिली थी स्वीकृति
ग्रामीणों ने बताया कि यह सड़क पैकेज क्रमांक एमपी-2930 के तहत 12 अप्रैल 2023 को स्वीकृत की गई थी। निर्माण कार्य का ठेका मेसर्स राय कंस्ट्रक्शन चांदना के ठेकेदार अखिलेश राय को दिया गया था, लेकिन अब तक कार्य शुरू नहीं किया गया। कई गांवों का मुख्य संपर्क मार्ग
यह सड़क ग्राम मउपथरई, सूंड अजायबनगर, सालेरा, घाटपिपलिया, हिम्मतगढ़, चांदना और मुरा मुंगावली सहित आसपास के गांवों को रायसेन जिला मुख्यालय से जोड़ती है। इसी मार्ग से स्कूल, कॉलेज जाने वाले छात्र-छात्राएं और ग्रामीण रोजाना आवागमन करते हैं। जर्जर हालत से बढ़ी परेशानी
ग्रामीणों के अनुसार सड़क की हालत बेहद खराब है। जगह-जगह गड्ढे हो गए हैं और डामर उखड़ चुका है। धूल उड़ने से लोगों को दिक्कत हो रही है, वहीं बारिश के समय रास्ता और भी खराब हो जाता है। आपात स्थिति में मरीजों को अस्पताल पहुंचाने में देरी होती है। कार्रवाई की मांग
ग्रामीणों ने बताया कि ठेके की पूर्णता अवधि 11 अप्रैल 2028 निर्धारित है, इसके बावजूद काम शुरू न होना लापरवाही दर्शाता है। उन्होंने कलेक्टर से निर्माण कार्य जल्द शुरू कराने और संबंधित ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। प्रशासन ने मामले की जांच कर आवश्यक कदम उठाने का आश्वासन दिया है।


