शाजापुर में बुधवार दोपहर पुलिस कंट्रोल रूम में एक प्रेस वार्ता आयोजित की गई। इसमें शाजापुर पुलिस की वर्ष 2025 की उपलब्धियों की जानकारी दी गई। इसी दौरान एसडीओपी शाजापुर गोपाल सिंह चौहान और दो उप निरीक्षकों का विदाई समारोह भी संपन्न हुआ। पुलिस अधीक्षक यशपाल सिंह राजपूत ने कानून-व्यवस्था और अपराध नियंत्रण पर विस्तृत जानकारी दी। पुलिस अधीक्षक यशपाल सिंह राजपूत ने बताया कि वर्ष 2025 में जिले में कुल 5,159 अपराध दर्ज किए गए, जिनमें से 95 प्रतिशत मामलों की जांच पूरी कर ली गई है। केवल 246 प्रकरण ही लंबित हैं। उन्होंने यह भी बताया कि वर्ष 2024 में 4,996 अपराध दर्ज हुए थे, जिनमें 22 प्रतिशत प्रकरण लंबित थे। न्यायालय में प्रस्तुत 1,897 प्रकरणों में से 1,365 मामलों में दोष सिद्धि कराई गई, जो पुलिस की प्रभावी जांच को दर्शाता है। गंभीर अपराधों की बात करें तो वर्ष 2025 में हत्या के 8 मामले दर्ज हुए, जिनकी 100 प्रतिशत जांच पूरी की गई। वर्ष 2024 में हत्या के 11 मामले सामने आए थे। संपत्ति संबंधी अपराधों में 284 चोरी के मामले दर्ज किए गए, जिनमें से 72 प्रतिशत मामलों का निराकरण कर लगभग 1 करोड़ 84 लाख रुपए की संपत्ति बरामद की गई। नशे के विरुद्ध कार्रवाई में पुलिस ने 7 लाख रुपए के मादक पदार्थ और 51 लाख रुपए की अवैध शराब जब्त की। महिला एवं बाल सुरक्षा के तहत चलाए गए ‘ऑपरेशन मुस्कान’ में 99 लापता बच्चों को सुरक्षित खोजा गया। साइबर अपराध के मामलों में 63 लाख रुपए की ठगी राशि फ्रीज की गई और 40 लाख रुपए पीड़ितों को वापस दिलाए गए। यातायात व्यवस्था के अंतर्गत वर्ष 2025 में 17,205 चालान काटे गए। तकनीकी नवाचार, सीएम हेल्पलाइन और पासपोर्ट सत्यापन में भी शाजापुर पुलिस को प्रदेश स्तर पर उत्कृष्ट रैंक प्राप्त हुई है। इस अवसर पर सेवा निवृत्त हुए तीन पुलिस अधिकारियों को सम्मानपूर्वक विदाई दी गई। इनमें एसडीओपी गोपाल सिंह चौहान, उप निरीक्षक आजाद सिंह चौधरी और उप निरीक्षक छत्रसाल सिंह पंवार शामिल हैं। पुलिस अधीक्षक ने उनके उत्कृष्ट सेवाकाल की सराहना करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।


