रिम्स में मैनपावर की कमी को दूर करने के लिए अगले छह माह में बड़े पैमाने पर अलग-अलग विभागों में स्थाई तौर पर मैनपावर की नियुक्ति होगी। इसके लिए तैयारी कर ली गई है। डॉक्टर, नर्स और थर्ड व फोर्थ ग्रेड के स्टाफ की नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। करीब 418 पदों पर बहाली होनी है। इसमें डॉक्टरों के 150 पद, नर्सों के 144 और थर्ड व फोर्थ ग्रेड के करीब 124 पद शामिल हैं। सभी की नियुक्ति स्थायी तौर पर की जानी है। निदेशक डॉ. राजकुमार ने बताया कि फरवरी के दूसरे सप्ताह से फैकल्टी के लिए करीब 150 पद पर इंटरव्यू शुरू होगी। विभिन्न विभागों के लिए असिस्टेंट प्रोफेसर से लेकर प्रोफेसर तक के लिए निकाले गए विज्ञापन पर रिम्स को 350 से ज्यादा आवेदन प्राप्त हो चुके हैं। इन आवेदनों की स्क्रीनिंग के बाद शॉर्टलिस्ट किया जा चुका है। चूंकि, फैकल्टी की चयन समिति के चेयरपर्सन विकास आयुक्त हैं तो फाइल उन्हें भेजी गई है। फाइल लौटते ही उम्मीदवारों को इंटरव्यू के लिए कॉल लेटर भेजा जाएगा। निदेशक ने कहा कि रिम्स में पिछले 2-3 सालों में बेड बढ़कर 2200 के करीब हो चुके हैं। अभी रिम्स में काफी पद रिक्त हैं, कुछ पद क्रिएट भी नहीं हुए है। जो पद क्रिएट हैं, उनमें भी करीब 50% पद रिक्त हैं। प्राथमिकता के आधार पर इन पदों को भरने की कोशिश की जा रही है, ताकि मैनपावर की कमी को दूर कर मरीजों को लाभ पहुंचाया जा सके। दो साल में 20 से ज्यादा डॉक्टर रिटायर हुए, इनके पद भी खाली रिम्स से पिछले दो साल में 20 से ज्यादा वरीय चिकित्सक सेवानिवृत्त हो गए हैं, अबतक इनके पद खाली हैं। सेवानिवृत्त होने वाले डॉक्टरों में न्यूरो सर्जन डॉ. अनिल कुमार, डॉ. सीबी सहाय, फिजिशियन डॉ. जेके मित्रा, डॉ. सीबी शर्मा, डॉ. विद्यापति, सर्जन डॉ. आरजी बाखला, डॉ. विनय प्रताप, डॉ. आरएस शर्मा, डॉ. मृत्युंजय सरावगी, डॉ. शीतल मलुआ, नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. राजीव कुमार गुप्ता समेत अन्य हैं। अगर जल्द फैकल्टी की नियुक्ति होगी तो मरीजों को इसका बड़ा लाभ मिलेगा। 2002 में बहाल हुई 50 नर्सें सेवानिवृत्त हो चुकी, 10 और इस साल रिटायर होंगी रिम्स में स्टाफ नर्स की कमी भी बड़ी समस्या है। आईपीएचएस नॉर्म्स के तहत 2200 बेड के अस्पताल में करीब 350 नर्सें की जरूरत एक शिफ्ट में है। यानी तीनों शिफ्ट के लिए 1050 नर्सें होनी चाहिए। लेकिन, वर्तमान में रिम्स में करीब 600 नर्सें कार्यरत हैं। बताते चलें कि 2002 में बहाल हुई करीब 350 नर्सों में 50 से ज्यादा सेवानिवृत्त हो चुकी हैं। इस साल और 10 स्टाफ नर्स रिटायर होने वाली हैं। रिम्स निदेशक ने कहा कि नर्सों की कमी को दूर करने के लिए 144 पदों पर नर्सिंग स्टाफ की नियुक्ति होगी। 144 पद रोस्टर क्लियरेंस के लिए भेजा गया है। रोस्टर क्लियर होते जेएसएससी के स्तर से इसके लिए विज्ञापन जारी किया जाएगा। विज्ञापन एक से दो माह में जारी हो जाएगा। फोर्थ ग्रेड के 124 पदों के लिए चल रही भर्ती प्रक्रिया : डॉ. राजकुमार की मानें तो फरवरी के बाद थर्ड व फोर्थ ग्रेड के पद भी भरे जाएंगे। फोर्थ ग्रेड के 124 पदों पर प्रक्रिया चल रही है। इनमें एक बार में 4 और दूसरी बार में 24 की नियुक्ति हो चुकी है। शेष पदों में कई ऐसे भी कैंडिडेट हैं, जिन्होंने एक ही संस्थान से दो-दो एक्सपीरियंस जमा किए हैं। सभी की जांच के बाद आगे की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। इसके बाद भी यदि पद रिक्त बचते हैं तो विज्ञापन निकालकर इन्हें दूर किया जाएगा।


