मटनार| संभाग मुख्यालय से लगभग 30 किलोमीटर दूर बकावंड ब्लाक का ग्राम मटनार आज भी मूलभूत सुविधाओं के अभाव से जूझ रहा है। करीब 3 हजार की आबादी वाले इस गांव में पेयजल सबसे बड़ी समस्या बन गई है। नदी-नाले सूख चुके हैं और ग्रामीणों को पानी के लिए भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। जल जीवन मिशन के तहत गांव में घर-घर पानी पहुंचाने का सपना दिखाया गया था। हर मोहल्ले में गड्ढे खोदकर पाइपलाइन बिछाई गई, लेकिन न तो बोर खोदे गए और न ही पानी टंकी का निर्माण पूरा हो सका। आधी बनी टंकी को छोड़कर ठेकेदार काम बंद कर फरार हो गया। फोन करने पर ठेकेदार सरकार से भुगतान न मिलने की बात कह रहा है। पाइपलाइन कार्य के चलते गांव की सड़कों को खोद दिया गया, जिससे सीमेंट रोड भी क्षतिग्रस्त हो गई है। मरम्मत न होने से ग्रामीणों को आवागमन में भी परेशानी हो रही है। आने वाले गर्मी के मौसम में पानी की समस्या और गंभीर होने की आशंका है। सरपंच का कहना है कि पंचायत को 15वें वित्त की राशि नहीं मिलने से विकास कार्य ठप पड़े हैं। हाल ही में कलेक्टर कार्यालय में जल जीवन मिशन की बैठक में अधूरे कार्यों को पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। अब देखना यह है कि मटनार को कब स्वच्छ पानी नसीब होगा। – बद्रीनाथ जोशी, मटनार


