एमपी के कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय और एक पत्रकार के बीच हुए विवाद का मामला लगातार तूल पकड़ता जा रहा है। इंदौर में हुई घटना की गूंज अब विंध्य क्षेत्र तक पहुंच चुकी है। रीवा में आज NSUI के सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने सिरमौर चौराहे पर जमकर विरोध प्रदर्शन किया। आक्रोशित छात्रों ने कैलाश विजयवर्गीय का पुतला फूंका और उनके इस्तीफे की मांग को लेकर नारेबाजी की। इंदौर में पत्रकार के साथ हुई कथित अभद्रता के विरोध में आज रीवा की सड़कों पर गुस्सा साफ नजर आया। शहर के सबसे व्यस्त सिरमौर चौराहे पर NSUI के छात्र बड़ी संख्या में जुटे। कैलाश विजयवर्गीय के खिलाफ नारेबाजी करते हुए छात्रों ने उनका पुतला दहन किया और सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। प्रदर्शन कर रहे छात्रों का कहना है कि सत्ता के नशे में चूर नेता लोकतंत्र के चौथे स्तंभ का अपमान कर रहे हैं। पत्रकारों के साथ इस तरह का व्यवहार किसी भी हाल में स्वीकार नहीं किया जाएगा। NSUI नेताओं ने आरोप लगाया कि कैलाश विजयवर्गीय लगातार अपने बयानों और आचरण को लेकर विवादों में रहते हैं और सार्वजनिक मंचों पर मर्यादाएं लांघते हैं। छात्रों की तरफ से अनूप सिंह चंदेल ने कहा कि जिस व्यक्ति को संवैधानिक पद की गरिमा का ध्यान नहीं है, उसे मंत्री पद पर बने रहने का कोई अधिकार नहीं है। इसी मांग को लेकर आज सड़कों पर उतरकर विरोध दर्ज कराया गया। फिलहाल मामले ने राजनीतिक तूल पकड़ लिया है।


