भास्कर न्यूज | दंतेवाड़ा गीदम के वेयरहाउस में लापरवाही की वजह से चावल का संकट आ गया है, बस्तर के तीन जिले बीजापुर, सुकमा और दंतेवाड़ा जिले में पीडीएस दुकानों तक चावल नहीं पहुंच पाया है, जबकि सभी पीडीएस दुकानों में महीने की 5 तारीख से हितग्राहियों को चावल वितरण करने के छत्तीसगढ़ सरकार के निर्देश हैं। 26 दिसंबर को मामला खाद्य विभाग के सामने आया था बचेली और अन्य कई पीडीएस की दुकानों की शिकायत के बाद जांच शुरू हुई थी और फूड विभाग द्वारा पंचनामा तैयार किया गया था। नान के पूर्व के डीएमओ के समय चावल का भंडारण हुआ था, दिसंबर में टीके यदु ने प्रभार लिया और इनके द्वारा भी जांच की गई थी और लिखित में कलेक्टर को अवगत करवाया गया था। 30 हजार क्विंटल चावल को खपाने इसकी सफाई मजदूरों से करवाई जा रही थी, अब सफाई का कार्य बंद कर दिया गया है, रायपुर से मार्कफेड की टीम आएगी उनकी जांच के बाद अब आगे की कार्रवाई होगी। गोदाम की जांच के लिए कलेक्टर के द्वारा भी एक टीम बनाई गई है जिसमें खाद्य विभाग और प्रशासन के अधिकारियों को शामिल किया गया है। इन सबके बीच अभी तक क्वालिटी इंस्पेक्टर सामने नहीं आए हैं, चावल साफ करने के बाद खाने योग्य है या नहीं इसकी जांच अभी नहीं हो पाई है। दंतेवाड़ा गोदाम से सप्लाई : जिला खाद्य अधिकारी कीर्ति कुमार कौशिक ने कहा कि कुआकोंडा को दंतेवाड़ा गोदाम से कनेक्ट कर चावल पीडीएस दुकानों को सप्लाई कर दी जाएगी, हितग्राहियों को दिक्कत नहीं होगी।


