झाबुआ जिले के पेटलावद में शुक्रवार रात एक ‘भैरव भक्ति संध्या’ का आयोजन किया गया। इस अवसर पर सुप्रसिद्ध संगीतकार त्रिलोक मोदी ने अपनी गायकी से समां बांधा, जिससे पूरा मेवानगर श्री नाकोड़ा भैरव के जयकारों से गूंज उठा। रात 8 बजे से शुरू हुई इस भजन संध्या में संगीतकार ने भगवान पार्श्वनाथ और नाकोड़ा भैरव को समर्पित कई प्रस्तुतियां दीं। उन्होंने ‘दादा आयेंगे… आयेंगे.. दादा आयेंगे’, ‘तेरे मन में पारसनाथ, तेरे तन में पारसनाथ, रोम रोम में…’ और ‘भैरव की महिमा भारी, आए शरण तिहारी…’ जैसे लोकप्रिय भजन गाए। इन भक्ति गीतों की धुन पर श्रद्धालु अपने स्थानों पर खड़े होकर झूमने और थिरकने लगे। पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया। गादीपति के सानिध्य में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़ कार्यक्रम में गादीपति सुमित पीपाड़ा की विशेष उपस्थिति रही, जिनके सानिध्य में भक्ति का उत्साह चरम पर था। इस आयोजन में केवल पेटलावद नगर के ही नहीं, बल्कि दूर-दराज के क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में भक्तों ने भाग लिया। देर रात तक चले इस कार्यक्रम से पूरा वातावरण आध्यात्मिक ऊर्जा से भर गया। श्री नाकोड़ा भैरव के जयकारों और संगीतकार के भक्ति गीतों ने मेवानगर को एक तीर्थ स्थल का स्वरूप प्रदान किया। श्रद्धालुओं ने बताया कि यह शाम लंबे समय तक उनकी स्मृति में रहेगी।


