सिटी रिपोर्टर| कोटा पर्यटन विभाग के तीन दिवसीय कोटा-हाड़ौती ट्रेवल मार्ट के दूसरे दिन सिटी पार्क में हाड़ौती को पर्यटन आइटनरी में शामिल करने को लेकर बी-2 मीटिंग और टेबल डिस्कशन हुआ। 26 राज्यों के 170 स्टॉल्स पर टूर एंड ट्रेवल ऑपरेटर्स शामिल हुए, जिन्होंने अपने-अपने कार्ड एक्सचेंज किए। पर्यटन की संभावनाओं को देखते हुए दिल्ली, आगरा, जयपुर और उदयपुर डेस्टिनेशन के साथ- साथ अब कोटा को भी रूट में जोड़ने व नाइट स्टे करवाने को तैयार हुए। इसका उद्घाटन मुख्य अतिथि उपमुख्यमंत्री एवं पर्यटन मंत्री दीया कुमारी ने किया। उन्होंने स्टॉल्स पर विजिट कर टूर ऑपरेटर और होटल इंडस्ट्रीज से जुड़े लोगों से बातचीत की। अध्यक्षता करते हुए पूर्व सांसद इज्यराजसिंह ने कहा कि हाड़ौती में नदियां, तालाब, हैरिटेज, गढ़, बावड़ियां व हवेलियां सहित डेस्टिनेशन हैं। एसोसिएशन ऑफ डेमोस्टिक टूर ऑपरेटर के चैप्टर प्रेसीडेंट हेमसिंह ने बताया कि हम राजस्थान को प्रमोट करना चाहते हैं। कोटा भी बेहतर है। हमारे पास रणथंभौर और सरिस्का विकल्प है। यहां भी टाइगर सफारी बढ़ जाए तो बेहतर होगा। रणथंभौर में मोनोपॉली है। अधिकांश टूरिस्ट बुरा अनुभव लेकर जाते हैं। { टूर ऑपरेटर यतीश का कहना है कि कोटा की रेल और रोड कनेक्टिीविटी अच्छी है। { होटेलियर जयदेवसिंह बताते हैं कि टूरिस्ट के लिए बेहतर सुविधाएं समय के साथ विकसित हो रही है। { झालावाड़ के अभिमन्युसिंह बताते हैं कि विश्व प्रसिद्ध गागरोन किला सहित आकर्षक हैरिटेज है। { हाड़ौती टूरिज्म डेवलपमेंट सोसायटी के वाइस प्रेसीडेंट नीरज भटनागर ने कहा कि अब टूरिस्ट की संख्या बढ़ेगी। { ट्रेवल एजेंट डॉ. रुचि सिंह ने बताया कि चौराहे सुंदर हैं। साफ-सफाई पर ध्यान और सर्विस स्किल्स पर ध्यान देना होगा। { इंटेक कन्वीनर निखिलेश सेठी ने इसे अच्छा प्रयास बताया। { को-लाइन प्रोड्यूसर सुभाष सोरल ने बताया कि कोटा में फिल्म इंडस्ट्री का भी मार्ट करेंगे। { सवाल: हाड़ौती में टूरिज्म के लिए क्या प्रयास होंगे? { जवाब: यहां मैंने देखा है। काफी लोगों ने पार्टिसिपेट किया है। पहली बार कोटा ट्रेवल मार्ट हो रहा है, जो क्षेत्र के लिए अच्छे संकेत हैं। एयरपोर्ट का काम भी शुरू हो चुका है। एक डेस्टिनेशन के रूप में कोटा-हाड़ौती डेवलप हो रहा है। हम सब की प्राथमिकता भी यही है कि टूरिस्ट जयपुर, जोधपुर और उदयपुर ही नहीं, कोटा, बीकानेर, गंगानगर भी आएं। { सवाल: हाड़ौती में टूरिज्म प्रमोशन की क्या संभावनाएं हैं? { जवाब: हाड़ौती में बहुत संभावनाए हैं। बहुत सारे एक्सपीरियंस यहां हैं। वाइल्ड लाइफ टूरिज्म की बात करें, चाहे रिवर फ्रंट की बात करें, चाहे मिनिएचर पेंटिंग। आर्ट व क्रॉफ्ट है। यहां बहुत कुछ देखने को है। बहुत सारे फोर्ट, मौन्यूमेंट्स है। धार्मिक पर्यटन को जोड़ने के लिए राजस्थान में बहुत संभावनाए हैं। इसके लिए केंद्र सरकार से अलग-अलग योजनाओं में जैसे स्वदेश दर्शन आदि में फंड मिला है। हम लोग अच्छा कर रहे हैं। { सवाल: हाड़ौती में टूरिस्ट पहुंचे, इसके प्रयास बताएं? { जवाब: यहां टूरिस्ट क्यों नहीं आता है? यह देख रहे हैं। हम प्रयास कर रहे हैं कि ज्यादा से ज्यादा क्या आयोजन करें, जिससे कि कोटा-हाड़ौती हर टूरिस्ट के कैंलेंडर या रूट में हो। यहां की बोट सफारी सुंदर ही नहीं, बहुत अच्छी है। हमारा डिपार्टमेंट और हम लोग इन चीजों को प्रमोट करेंगे। सिटी पार्क में डिप्टी सीएम दीयाकुमारी की विजिट के दौरान अव्यवस्थाएं हो गईं। भीड़ होने से कई बार धक्का-मुक्की की स्थिति बनी। दीयाकुमारी सुबह 11.45 बजे गो कार्ट से सिटी पार्क पहुंचीं। आधे घंटे में 20 स्टाल्स की विजिट के बाद वे रवाना हो गईं। उनके जाने के बाद पर्यटन आयुक्त रुक्मणी रियाड़ ने होटल फैडरेशन ऑफ राजस्थान के संभागीय अध्यक्ष अशोक माहेश्वरी से कहा कि आप ऑर्गेनाइजर हैं, व्यवस्था करना आपकी जिम्मेदारी है। सिस्टम बनाकर रखना था। माहेश्वरी ने बताया कि फोटोग्राफरों की वजह से रास्ता नहीं मिल पा रहा था। पब्लिक भी ज्यादा हो गई, जिससे दिक्कत आई। रुक्मणी ने विभाग के अधिकारियों से भी कहा कि अव्यवस्थाओं के कारण डिप्टी सीएम सभी स्टॉल्स ठीक से नहीं देख सकीं। दैनिक भास्कर से बातचीत में पर्यटन आयुक्त रुक्मणी रियाड़ ने बताया कि हम नई टूरिज्म पॉलिसी ला रहे हैं। नई फिल्म पॉलिसी अभी जारी हुई है। एक स्पेशल फंड टूरिज्म डेवलपमेंट के लिए रखा है। यह ट्रेवल मार्ट पहला है जो जयपुर से बाहर किया गया है। इस इवेंट के बाद ऑर्गेनाइजर्स से चर्चा करेंगे कि अगले साल इसे और बेहतर किया जा सके। मैंने हाड़ौती में काम किया है। बूंदी रही भी हूं। हाड़ौती में टूरिज्म डेवलप करना अधिकारियों के ध्यान में है। सभी प्रयास कर रहे हैं। फॉरेस्ट अच्छा कार्य कर रहा है।


