रानी पुलिस थाना क्षेत्र के दादाई गांव में कृषि भूमि बेचान के नाम पर लाखों रुपये की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। पीड़ित का आरोप है कि जमीन का सौदा तय कर उससे 10 लाख रुपये ले लिए गए, लेकिन रजिस्ट्री कराने के बजाय भूमि को आरोपी ने अपनी पत्नी के नाम बक्शीशनामा कर दिया। इस पूरे घटनाक्रम के बाद पीड़ित को न जमीन मिली और न ही उसके रुपये वापस किए गए। पुलिस के अनुसार, दादाई निवासी 52 वर्षीय जितेंद्र कुमार पुत्र हकाराम सीरवी ने इस संबंध में रानी पुलिस थाने में रिपोर्ट दर्ज करवाई है। शिकायत में बताया गया है कि यह घटना 3 फरवरी 2023 से 15 मार्च 2023 के बीच की है, जब जमीन का सौदा तय हुआ और रकम का लेन-देन किया गया। दादाई निवासी लखाराम पुत्र राजाराम सीरवी और उसके साथ चार अन्य लोगों ने आपस में मिलकर षडयंत्र रचा। आरोपियों ने अपनी कृषि भूमि बेचने का प्रस्ताव रखा और सौदे के तहत जितेंद्र कुमार से कुल 10 लाख रुपये ले लिए। रजिस्ट्री की जगह पत्नी के नाम किया दान पत्र रुपये लेने के बाद जब जमीन की रजिस्ट्री का समय आया तो आरोपी पक्ष टालमटोल करने लगा। पीड़ित के अनुसार, लखाराम ने धोखे से जमीन को उसके नाम रजिस्टर कराने के बजाय अपनी पत्नी के नाम बक्शीशनामा के जरिए हस्तांतरित कर दिया। रुपए मांगने पर किया इनकार पीड़ित ने बताया कि जब उसने अपने रुपये वापस मांगे तो आरोपियों ने साफ तौर पर लौटाने से इनकार कर दिया। खुद को ठगा महसूस करने के बाद उसने पुलिस का सहारा लिया और पूरे मामले की शिकायत दर्ज करवाई। पांच आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज रानी पुलिस ने लखाराम सीरवी सहित कुल पांच आरोपियों के खिलाफ षडयंत्र कर धोखाधड़ी करने का मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है और सभी पहलुओं की गहनता से पड़ताल की जा रही है।


