बैतूल जिले में उन मतदाताओं का सत्यापन शुरू हो गया है जिनके रिकॉर्ड का पिछले एसआईआर (सीरियल) से मिलान नहीं हो पाया था। निर्वाचन कार्यालय द्वारा ऐसे मतदाताओं को नोटिस भेजे जा रहे हैं। दस्तावेजों के आधार पर सत्यापन की प्रक्रिया जारी है। जिले में लगभग सात हजार मतदाता ‘नो-मैपिंग’ श्रेणी में चिह्नित किए गए हैं। इन मतदाताओं की सुनवाई 5 जनवरी से शुरू होगी। विधानसभा क्षेत्र बैतूल में सर्वाधिक 2129 मतदाता हैं। इसके अलावा, मुलताई में 1341, आमला में 1331, भैंसदेही में 1213 और घोड़ाडोंगरी में 981 मतदाता नो-मैपिंग की श्रेणी में शामिल हैं। नोटिस प्राप्त होने के बाद, मतदाताओं को सात दिन के भीतर निर्धारित श्रेणी के दस्तावेज प्रस्तुत करने होंगे। सत्यापन प्रक्रिया पूरी होने के बाद, आवश्यकतानुसार मतदाता सूची में नाम जोड़ने या हटाने की कार्रवाई की जाएगी। निर्वाचन विभाग के अनुसार, मतदाता सूची को त्रुटिरहित बनाने के लिए यह प्रक्रिया आवश्यक है ताकि कोई भी पात्र मतदाता सूची से वंचित न रहे। प्रारूप मतदाता सूची 23 दिसंबर को जारी की गई थी, जो 22 जनवरी तक निरीक्षण और दावा-आपत्ति के लिए उपलब्ध रहेगी।


