भास्कर न्यूज | जालंधर पंजाब वक्फ बोर्ड के जेरे निगरानी इमाम नासिर ईदगाह में हजरत सैयद ख्वाजा नासिरुद्दीन शाह रहमतुल्लाहि तआला अलैह का 1113वां सालाना उर्स-ए-पाक श्रद्धापूर्वक व हर्षोल्लास के साथ शुरू हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत वक्फ बोर्ड के ईओ नदीम खान ने बताया कि उर्स का आगाज चादरपोशी के साथ किया गया। उन्होंने बताया कि हजरत साहब ने जीवन भर इंसानियत, मोहब्बत और भाईचारे का पैगाम दिया। उनकी दरगाह सदियों से कौमी एकता का केंद्र रही है, जहां हर धर्म के लोग बिना किसी भेदभाव के शीश नवाते हैं। उर्स के दौरान लोगों के लिए बड़े पैमाने पर लंगर का इंतजाम किया गया। दरगाह कमेटी और स्थानीय प्रशासन की ओर से सुरक्षा और सुविधाओं के पुख्ता इंतजाम किए गए। इस अवसर पर अल नूर ह्यूमन वेलफेयर सोसायटी के चेयरमैन मोहम्मद अकबर अली ने बताया कि 5 जनवरी दिन सोमवार को रात 9:00 बजे सैदां गेट से हर साल की तरह इस साल भी महफिल के बाद चादरपोशी के लिए रवाना होंगे। यहां बोर्ड के ईओ नदीम खान, शकील अहमद, साबिर अली, कारी अब्दुस सुभान, मोहम्मद सलीम, शहजाद सलमानी, आरजू नकबी, गुलजार साबरी व अन्य लोग उपस्थित थे।


