खाद्य पोषण और सुरक्षा योजना के तहत श्री अन्न (मिलेट्स) के प्रचार-प्रसार और जागरूकता के लिए झालावाड़ में एक विशेष रोड शो का आयोजन किया गया। मिनी सचिवालय झालावाड़ से एडीएम अनुराग भार्गव ने ‘श्री अन्न रथ’ को हरी झंडी दिखाकर झालरापाटन ब्लॉक क्षेत्र के लिए रवाना किया। यह कार्यक्रम संयुक्त निदेशक कृषि विस्तार कैलाश चंद मीणा के निर्देशन में आयोजित हुआ। इसमें उद्यानिकी एवं वानिकी महाविद्यालय, झालरापाटन के अधिष्ठाता आई.बी. मौर्या, प्रगतिशील किसान, कृषि आदान विक्रेता, कृषि यंत्र निर्माता एवं विक्रेता, एफपीओ, तथा कृषि विभाग ब्लॉक झालरापाटन के सहायक कृषि अधिकारी और कृषि पर्यवेक्षक सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। सहायक निदेशक राम कुंवार वर्मा ने बताया कि श्री अन्न को अब उच्च पोषण (सुपरफूड) का दर्जा प्राप्त हो चुका है। भारत में इसकी खेती और लोकप्रियता तेजी से बढ़ रही है। सहायक कृषि अधिकारी करण कुमार, प्रिया नेगी, अंकिता मंत्री और पुष्पदयाल नागर ने श्री अन्न के विभिन्न प्रकारों की जानकारी दी। इनमें ज्वार, बाजरा, रागी, कंगनी, कुटकी, कोदो और सांवा जैसे अनाज शामिल हैं। मीणा ने श्री अन्न के पोषण संबंधी महत्व को उजागर करते हुए बताया कि इसमें एमिनो एसिड, फोटोकेमिकल, प्रोटीन, कैल्शियम, पोटैशियम, मैग्नीशियम, आयरन, जिंक और बी-विटामिंस प्रचुर मात्रा में पाए जाते हैं। ये सभी तत्व शारीरिक विकास, हड्डियों की मजबूती, रक्त संचार और ऊर्जा स्तर को बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। मोटे अनाज को प्रोत्साहन देकर स्वस्थ जीवन शैली को बढ़ावा दिया जा सकता है। गौरतलब है कि मोटे अनाज जागरूकता कार्यक्रम पूरे जिले में चलाया जा रहा है। इसका उद्देश्य आगामी समय में मोटे अनाजों के उत्पादन को बढ़ावा देना और किसानों को इसकी लाभदायक खेती के प्रति जागरूक करना है, ताकि आमजन तक शुद्ध पोषक अनाजों को थाली में शामिल किया जा सके, जो स्वास्थ्य के लिए लाभदायक है। रोड शो का वाहन झालावाड़ बस स्टैंड से खेल संकुल होते हुए मुंडेरी पुलिया, मंडाबर, रूपारेल, तीनधार से पनवासा, अकटासा और जूनाखेड़ा असनावर क्षेत्र पहुंचा। इस रोड शो कार्यक्रम में झालरापाटन ब्लॉक के 60 से अधिक किसान, कृषि आदान विक्रेता, अधिकारी और कर्मचारी शामिल हुए।


