हनुमानगढ़ के टिब्बी क्षेत्र स्थित राठीखेड़ा में प्रस्तावित एथेनॉल फैक्ट्री के विरोध में 7 जनवरी को किसान महापंचायत का आयोजन किया जाएगा। इस महापंचायत को लेकर क्षेत्र में किसानों के बीच माहौल गरमा रहा है। महापंचायत को सफल बनाने के लिए संयुक्त किसान मोर्चा के नेता लगातार जनसंपर्क कर रहे हैं। वे आसपास के गांवों और ढाणियों में जनसभाएं आयोजित कर किसानों से बड़ी संख्या में महापंचायत में पहुंचने का आह्वान कर रहे हैं। संयुक्त किसान मोर्चा के नेताओं ने जनसभाओं में बताया कि राठीखेड़ा में प्रस्तावित एथेनॉल फैक्ट्री से भूजल प्रदूषण, जलस्तर में गिरावट और कृषि भूमि को नुकसान पहुंचने की आशंका है। किसानों का कहना है कि यह क्षेत्र पहले से ही जल संकट का सामना कर रहा है, और फैक्ट्री लगने से स्थिति और गंभीर हो सकती है। गांव-गांव हो रही बैठकों में किसान अपनी चिंताएं खुलकर व्यक्त कर रहे हैं। उनका कहना है कि यदि भूजल प्रदूषित हुआ तो पीने के पानी और सिंचाई दोनों पर संकट आ जाएगा, जिससे आने वाली पीढ़ियों का भविष्य भी खतरे में पड़ सकता है। किसानों ने स्पष्ट किया कि खेती और ग्रामीण जीवन पर पड़ने वाले नकारात्मक प्रभावों को देखते हुए वे किसी भी कीमत पर फैक्ट्री को मंजूरी नहीं लेने देंगे। संयुक्त किसान मोर्चा के पदाधिकारियों ने कहा कि 7 जनवरी की किसान महापंचायत शांतिपूर्ण ढंग से आयोजित होगी, लेकिन इसमें किसानों की एकजुट शक्ति का प्रदर्शन किया जाएगा। उन्होंने राठीखेड़ा, टिब्बी सहित आसपास के सभी गांवों के किसानों से बड़ी संख्या में महापंचायत में शामिल होने की अपील की है।


