जिला विशेष टीम (DST) और कोतवाली थाना पुलिस ने संयुक्त रूप से कार्रवाई करते हुए शहर के छैलाराम नगर में दबिश देकर ऑनलाइन क्रिकेट मैच पर सट्टा लगाते हुए दो युवकों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के पास से लाखों रुपए के लेन-देन का हिसाब-किताब और सट्टे में प्रयुक्त होने वाले उपकरण भी जब्त किए गए है। जिस किराए के मकान में सट्टा खेल रहे थे, उसको प्रति दिन 2000 हजार रुपए किराए पर ले रखा था। कोतवाली पुलिस के सहायक उप निरीक्षक सुमेर सिंह को DST कांस्टेबल अमित कुमार मोडसरा के जरिए सटीक सूचना मिली थी। सूचना थी कि छैलाराम नगर स्थित एक मकान में कुछ युवक मोबाइल और लैपटॉप के जरिए क्रिकेट मैच और ऑनलाइन गेमिंग पर हार-जीत का दांव लगवा रहे हैं और फोन-पे व पेटीएम के माध्यम से रुपयों का ट्रांजैक्शन कर रहे हैं। पुलिस टीम ने जब अजय पुत्र जयदेव सिंह के मकान पर दबिश दी, तो वहां भगदड़ मच गई। पुलिस ने राकेश यादव (25) निवासी बधाल, थाना रेनवाल जयपुर ग्रामीण और अरविन्द (24) निवासी झटावा, थाना मलसीसर (झुंझुनू) को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने मौके से दो आरोपियों को दबोचा और सट्टा संचालन में उपयोग की जा रही सामग्री बरामद की। पुलिस ने मौके से 09 मोबाइल फोन, 02 लैपटॉप, 01 वाईफाई डोंगल सहित अन्य उपकरण जब्त किए गए।1 रजिस्टर और 01 कॉपी जिसमें पुराना बुकी सट्टा और लाखों का हिसाब दर्ज है। पूछताछ में आरोपियों ने चौंकाने वाला खुलासा करते हुए बताया कि वे अनिल बामिल नामक व्यक्ति के साथ मिलकर इस सिंडिकेट को चला रहे थे। वे ऑनलाइन गेमिंग और क्रिकेट सट्टे के विड्रॉल बनाने का काम करते थे। मुख्य सरगना अनिल बामिल के खिलाफ भी मामला दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी गई है। 2,000 रुपये प्रतिदिन किराए पर लिया था ‘सुरक्षित ठिकाना’ पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपियों ने सट्टे के अवैध कारोबार के लिए सुरक्षित ठिकाना ढूंढने के मकसद से छैलाराम नगर में एक मकान किराए पर लिया था। आरोपी इस मकान का प्रतिदिन 2,000 रुपये किराया मकान मालिक को दे रहे थे। पुलिस अब मकान मालिक की भूमिका की भी जांच कर रही है। पकड़े गए मोबाइलों से केवल एक दिन (5 जनवरी) का ही 5,06,670 रुपये का हिसाब मिला है।


