पाकुड़ शहर के बिजली कॉलोनी में आयोजित 9 दिवसीय श्री राम कथा ज्ञान महायज्ञ के अंतिम दिन कथा व्यास पारसमणी महाराज ने भक्तों को राम कथा के महत्व से अवगत कराया। उन्होंने कहा कि श्री राम कथा का श्रवण मोक्ष प्राप्ति का मार्ग है और यह बड़े सौभाग्य से प्राप्त होता है। कथा व्यास ने बताया कि श्री रामचंद्र का जीवन एक आदर्श जीवन था, जिसे समाज में स्थापित करने की आवश्यकता है। उन्होंने छोटी-छोटी कथाओं के माध्यम से राम कथा का मर्म समझाया। कार्यक्रम में भक्तों ने एकाग्रचित होकर कथा श्रवण किया और राम कथा पर आधारित झांकी का आनंद लिया। हनुमंत लाल महाराज और आचार्य विकास ने बताया कि 22 जनवरी को महायज्ञ का समापन होगा, जिसमें हवन यज्ञ के साथ पूर्णाहुति दी जाएगी और प्रसाद वितरण किया जाएगा। नौ दिनों तक चले इस ज्ञान महायज्ञ में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की उपस्थिति रही। देर शाम से शुरू हुए इस कार्यक्रम में भक्तों का उत्साह देखने को मिला।


