शहडोल जिले में अवैध रेत उत्खनन के विरोध में ग्रामीणों ने प्रदर्शन किया है। ब्यौहारी थाना क्षेत्र की ग्राम पंचायत पोड़ी कलां के ग्रामीणों ने उमरिया जिले की रेत ठेकेदार महाकाल मिनरल्स कंपनी के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। ग्रामीणों ने रेत से लदे ओवरलोड ट्रकों को रोक दिया, जिससे मौके पर ट्रकों की लंबी कतार लग गई। ग्रामीणों का आरोप है कि महाकाल मिनरल्स कंपनी उमरिया जिले की सीमा से बाहर आकर शहडोल जिले के अमिलिया टेढ़ी घाट से अवैध रूप से रेत का उत्खनन कर रही है। उनका कहना है कि भारी मशीनों और ओवरलोड वाहनों का उपयोग कर नियमों का उल्लंघन किया जा रहा है, जिससे पर्यावरण को भी गंभीर नुकसान पहुंच रहा है। ग्रामीणों ने बताया कि वे इस अवैध उत्खनन की शिकायत पहले भी जिला प्रशासन से कर चुके हैं। हालांकि, कोई ठोस कार्रवाई न होने के कारण उन्हें आंदोलन के लिए मजबूर होना पड़ा। ग्रामीणों का यह भी आरोप है कि ओवरलोड रेत परिवहन से सड़कें क्षतिग्रस्त हो रही हैं, हादसों का खतरा बढ़ रहा है और नदी का प्राकृतिक स्वरूप प्रभावित हो रहा है। हाल ही में ब्यौहारी में तहसीलदार पर रेत माफिया द्वारा कथित हमले और जान से मारने की धमकी की घटना के बाद ग्रामीणों में रोष बढ़ गया है, जिसके चलते अब वे खुलकर विरोध कर रहे हैं। इस मामले में स्थानीय ग्रामीण और यादव महासभा के जिला उपाध्यक्ष हेमराज यादव ने कहा, “महाकाल मिनरल्स द्वारा सीमा के बाहर आकर खुलेआम रेत उत्खनन किया जा रहा है। प्रशासन को इसकी पूरी जानकारी दी गई थी, लेकिन कार्रवाई न होने से माफियाओं के हौसले बुलंद हैं। यदि जल्द अवैध उत्खनन बंद नहीं हुआ तो ग्रामीण आंदोलन को और तेज करेंगे।” फिलहाल मौके पर स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है। ग्रामीण जिला प्रशासन से इस मामले में सख्त कार्रवाई की मांग पर अड़े हुए हैं।


