ग्वालियर में कॉलेजों में लगेंगे सीसीटीवी कैमरे:परीक्षा निगरानी होगी सख्त, नकल पर लगेगी लगाम; रिकॉर्डिंग रखी जाएगी सुरक्षित

परीक्षाओं में नकल रोकने और पारदर्शिता बढ़ाने के उद्देश्य से एक अहम फैसला लिया गया है। अब कॉलेजों और परीक्षा केंद्रों में सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे, जिससे परीक्षा व्यवस्था को और अधिक सख्त व पारदर्शी बनाया जा सकेगा। इस कदम का मुख्य उद्देश्य परीक्षाओं के दौरान निष्पक्षता सुनिश्चित करना और किसी भी प्रकार की अनुशासनहीनता व अव्यवस्था पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करना है। जीवाजी विश्वविद्यालय के पीआरओ विमलेंद्र राठौर ने बताया कि कॉलेज परिसरों में सीसीटीवी सिस्टम लगाए जाने को लेकर विश्वविद्यालयों की को-ऑर्डिनेशन कमेटी की बैठक में चर्चा हो चुकी है। इस संबंध में राजभवन द्वारा भी दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं, जिनके तहत परीक्षा व्यवस्था को तकनीकी रूप से मजबूत किया जाएगा। परीक्षा कक्ष, प्रवेश और निकास पर लगेंगे उन्होंने स्पष्ट किया कि सभी कॉलेजों की प्रत्येक कक्षा में सीसीटीवी कैमरे लगाना संभव नहीं होगा। हालांकि परीक्षा कक्षों, प्रवेश और निकास द्वारों सहित अन्य संवेदनशील स्थानों पर कैमरे अनिवार्य रूप से लगाए जाएंगे, ताकि परीक्षा के दौरान हर गतिविधि पर नजर रखी जा सके। प्रत्येक कॉलेज में 30 से 50 कैमरे लगाएंगे विभागीय अधिकारियों के अनुसार कॉलेजों से प्राप्त मांग और परिसर की आवश्यकता के आधार पर प्रत्येक कॉलेज में 30 से 50 सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे। कैमरों की संख्या कॉलेज के आकार, भवन की संरचना और परीक्षा केंद्रों की संख्या को ध्यान में रखते हुए तय की जाएगी। रिकॉर्डिंग भी सुरक्षित रखी जाएगी सीसीटीवी व्यवस्था लागू होने के बाद परीक्षा प्रक्रिया की रिकॉर्डिंग भी सुरक्षित रखी जाएगी, जिसका उपयोग किसी भी विवाद या शिकायत की स्थिति में साक्ष्य के रूप में किया जा सकेगा। अधिकारियों का मानना है कि इससे न केवल नकल जैसी गतिविधियों पर रोक लगेगी, बल्कि छात्रों और परीक्षा ड्यूटी में लगे कर्मचारियों में भी अनुशासन बना रहेगा। शिक्षा विभाग का मानना है कि यह पहल प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था को तकनीकी रूप से सुदृढ़ बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। आने वाले समय में इससे परीक्षा परिणामों की निष्पक्षता पर विश्वास बढ़ेगा और शिक्षण संस्थानों की साख भी मजबूत होगी।

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