नूतन कॉलेज की छात्रा प्रिया मेहरा की मौत के मामले में चूनाभट्टी थाना पुलिस ने आरोपी तुषार कपिल के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस का दावा है कि वारदात से पहले दोनों के बीच होम स्टे में जोरदार झगड़ा हुआ था, जिसकी आवाज वहां ठहरे मेहमानों ने सुनी। प्रत्यक्षदर्शियों के बयानों के आधार पर पुलिस ने निष्कर्ष निकाला है कि गुस्से में आकर तुषार ने प्रिया को छत से नीचे धक्का दे दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। पुलिस के अनुसार घटना वाले दिन बुधवार को प्रिया अपने घर से 9:30 बजे कॉलेज जाने की बात कहकर निकली थी, लेकिन वह सीधे तुषार के घर 10:30 पहुंच गई। यहां पहले कमरे में दोनों के बीच डेढ़ घंटे तक विवाद हुआ। इसके बाद तुषार प्रिया को लेकर छत पर पहुंचा, जहां करीब आधे घंटे तक बहस होती रही। इसी दौरान तुषार ने प्रिया को छत से नीचे धक्का दे दिया। प्रेम संबंध थे: पुलिस
घटना के बाद तुषार ही गंभीर हालत में प्रिया को जेपी अस्पताल लेकर पहुंचा। डॉक्टरों द्वारा प्रिया को मृत घोषित किए जाने के बाद वह मौके से फरार हो गया। घटना को तीन दिन से अधिक समय बीत चुका है, लेकिन आरोपी अब तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर है। पुलिस का कहना है कि तुषार और प्रिया के बीच पिछले छह साल से अधिक समय से प्रेम संबंध थे। शॉर्ट पीएम रिपोर्ट से पुष्टि
पुलिस का कहना है कि शॉर्ट पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी ऊंचाई से गिरने के कारण मौत की पुष्टि हुई है। इसी आधार पर धारा 302 के तहत हत्या का प्रकरण दर्ज किया गया है। आरोपी की तलाश में दो टीमें
आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने दो विशेष टीमें गठित की हैं। एक टीम शहर में दबिश दे रही है, जबकि दूसरी टीम शहर से बाहर संभावित ठिकानों पर तलाश कर रही है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपी का रूट ट्रेस कर रही है। हत्या गैर-जमानती अपराध
सीनियर एडवोकेट जगदीश गुप्ता के अनुसार हत्या के मामले में दोष सिद्ध होने पर आरोपी को न्यूनतम आजीवन कारावास से लेकर फांसी तक की सजा हो सकती है। अपराध की गंभीरता और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर कोर्ट सजा के साथ जुर्माना भी लगा सकती है। हत्या गैर-जमानती अपराध है।


