पिपलानी इलाके में रहने वाले युवक ने घर में फांसी लगाकर सुसाइड कर लिया। परिजनों का आरोप है कि सूदखोर मामा और भांजे की प्रताड़ना के चलते युवक ने जान दी है। हालांकि पुलिस को मृतक के पास से सुसाइड नोट नहीं मिला है। मामले में मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। मनोज यादव पुत्र प्रीतम सिंह यादव (26) माता मंदिर पठार आनंद नगर टीआईटी कॉलेज के पास का रहने वाला था। आज सुबह साड़ी का फंदा बनाकर फांसी लगा ली। मेहनत मजदूरी करता था। बड़े भाई सोनू ने आरोप लगाया कि रामू और राजा नाम के मामा-भांजे 90 हजार रुपए उधार लिए थे। जिसके करीब दो लाख रुपए चुका चुके थे। इसके बाद भी ब्याज के 50 हजार रुपए और देने की मांग कर करते थे। जानकारी के मुताबिक मनोज रकम नहीं दे सका था, इसी कारण दोनों उस पर दबाव बनाते थे। हत्या की धमकी देते थे। इसी से तनाव में आकर भाई ने सुसाइड किया है। दोनों के खिलाफ कार्रवाई होना चाहिए, इन्हीं दोनों के कारण मेरे भाई को जान देना पड़ी है। वहीं पुलिस का कहना है कि सुसाइड नोट नहीं मिलने से आत्महत्या के सही कारणों का खुलासा नहीं हो सका है। परिजनों के डिटेल बयान भी दर्ज नहीं किए जा सके हैं। जांच के बाद के बाद आगे की कार्रवाई तय की जाएगी। सुसाइड से पहले आरोपियों ने घर आकर धमकाया था सोनू के मुताबिक आरोपी मामा और भांजे ने मंगलवार की शाम को घर आकर धमकाया था। मैने मिन्नतें करी कि 25 जनवरी तक की मोहलत दे दो मैं सारा पैसा लौटा दूंगा। आरोपियों ने कहा कि चाहे तुम्हारा पूरा परिवार मर जाए लेकिन रकम हमें अभी चाहिए, इस घटनाक्रम के बाद मनोज दुखी था।


