भास्कर न्यूज़ | भरतपुर रुदावल क्षेत्र के गांव जोतरौली में मंगलवार रात हुए हादसे में घरों में फैले करंट में कई लोग बुरी तरह झुलस गए थे इनमें कई बच्चे भी शामिल थे। इस मामले में डिस्कॉम अधिकारियों की ओर से की गई जांच में बड़ा खुलासा हुआ है। दरअसल, गांव के ही एक 24 वर्षीय रोहित की लापरवाही से यह हादसा हुआ। ट्रांसफार्मर से एलटी लाइन हट गई थी। उसने डिस्कॉम कर्मियों को सूचना दिए बगैर ही खुद ही लाइन को ट्रांसफार्मर से जोड़ रहा था। इसी बीच वहां से गुजर रही 11 केवी की लाइन से एलटी लाइन टच हो गई थी, जिससे घरों में हाइटेंशन लाइन का करंट दौड़ गया। इस मामले में डिस्कॉम के जेईएन निर्भान सिंह ने रुदावल थाने में रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए शिकायत दी है। रूपवास के गांव जोतरौली में मंगलवार रात हुए हादसे ने बिजली विभाग के अधिकारियों को भी हैरत में डाल दिया है। डिस्कॉम द्वारा तैयार की गई प्राथमिक जांच रिपोर्ट में यह खुलासा हुआ है कि यह हादसा तकनीकी खराबी से नहीं, बल्कि एक युवक की जानलेवा लापरवाही और छेड़छाड़ के कारण हुआ। आरोपी ने ट्रांसफार्मर की केबल को सीधे हाईटेंशन लाइन (11KV) से जोड़ दिया था, जिससे पूरे मोहल्ले में मौत का करंट दौड़ गया। कनिष्ठ अभियंता (जेईएन) निर्भान सिंह ने बताया कि आरोपी रोहित सिंह का घर भी वहीं पर है। इस घटना में उसकी ताई ओमवती सबसे ज्यादा झुलसी है। इसके अलावा उसके घर के कई उपकरण में फूंके। डिस्कॉम की प्राथमिक जांच रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि गांव जोतरौली में 10 केवीए का सिंगल फेज ट्रांसफार्मर लगा हुआ है। किसी तरह ट्रांसफार्मर से एलटी केबल हट गई। इससे कई घरों की बिजली सप्लाई बंद हो गई। इस बीच ग्रामीणों ने विद्युत टीम को सूचना नहीं दी। गांव के ही 24 वर्षीय रोहित पुत्र अमर सिंह निवासी गांव जोतरौली ने मौके पर पहुंचा और ग्रामीणों से खुद ही तार जोड़ने की बात कही। इस पर ग्रामीणों ने मना किया, लेकिन युवक नहीं माना। युवक एलटी की लाइन को लकड़ी के डंडे में फंसाकर डीपी पर लगाने लगा। इसी बीच तार डीपी में लगे कुंदे में न फंसकर 11 केवी लाइन से टच हो गया। इसके बाद घरों की सामान्य एलटी लाइन में अचानक 11,000 वोल्ट का हाई-वोल्टेज करंट प्रवाहित हो गया। इसके चलते ममता, कप्तान, सुआ, विधरी, कुमर सैन और चंद्रकला के घरों में लगे फ्रिज, टीवी, हीटर, मोबाइल चार्जर, बिजली बोर्ड, पानी की रॉड एवं अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण धमाकों के साथ जल गए। साथ ही करंट की चपेट में आने से महिलाओं बौर बच्चों समेत कई लोग बुरी तरह झुलस गए। {गांव में तनाव के हालात बता, जांच टीम को जाने से रोका… डिस्कॉम अफसरों के अनुसार मामले की जांच के लिए दो सदस्यीय टीम का गठन किया गया था। इसमें एक्सईएन आरडीएसएस एक्सईएन गायत्री और एमएंडपी के एक्सईएन मयूरध्वज को जांच की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। पता चला है कि यह अफसर जांच के लिए पहुंचते, इससे पहले ही इनको गांव में तनाव के हालात होने की बात कहकर जाने से रोक दिया गया। {झुलसे लोगों से मिले अधीक्षण अभियंता, हरसंभव मदद का आश्वासन… जोतरौली में बीती रात हुए एक हादसे के बाद जयपुर विद्युत वितरण निगम लिमिटेड के अधीक्षण अभियंता रामहेत मीना आरबीएम अस्पताल का दौरा किया। उन्होंने वहां भर्ती घायलों से मुलाकात कर उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली। अस्पताल प्रशासन के अनुसार हादसे में घायल हुए 2 वर्षीय बालक मेघांश, नीतू और शारदा प्रथम श्रेणी बर्न से प्रभावित हैं। डिस्कॉम ने रुदावल थाने में शिकायत दी है।


