भास्कर न्यूज | भीलवाड़ा पिछले 3 साल में जिले में अवैध खनन तेजी से बढ़ रहा है। पुलिस की ओर से अवैध खनन पर की गई कार्रवाइयां वर्ष 2023 के मुकाबले पिछले साल 2025 में 5 से 6 गुना बढ़ गई। वहीं दर्ज प्रकरण, गिरफ्तारी और वाहन जब्ती भी इसी तरह से बढ़े हैं। इससे पता चल रहा है कि खनन माफिया अवैध बजरी खनन में तेजी से बढ़ रहा है। वर्ष 2023 में जिले में अवैध खनन, परिवहन और स्टॉक करने वालों के खिलाफ 136 प्रकरण दर्ज कर 140 व्यक्ति गिरफ्तार किए गए थे। जबकि वर्ष 2025 में ये आंकड़ा 5 गुना से ज्यादा बढ़कर 750 पहुंच गया। इन कार्रवाइयों में अवैध खनन करने वाले 1340 व्यक्तियों को गिरफ्तार किया गया। पिछले साल अवैध खनन कर निकाला गया 9 हजार 191 टन खनिज जब्त किया गया। इसमें 8 हजार 265 टन तो बजरी ही है। जबकि वर्ष 2023 में इससे तीन गुना कम खनिज जब्त किया गया। अवैध खनन में काम में लिए जा रहे जब्त किए गए वाहनों की संख्या भी दो साल पहले के 123 के मुकाबले पिछले साल 1104 थी। अवैध खनन रोकने को लेकर मुख्य जिम्मेदारी खनिज विभाग की होने के बावजूद पुलिस खनिज विभाग से ज्यादा कार्रवाई पुलिस कर रही है। राज्य सरकार ने अवैध खनन के खिलाफ 29 दिसंबर से 15 जनवरी तक प्रदेश भर में विशेष अभियान चलाया था। ये ज्वॉइंट ऑपरेशन कलेक्टरों की देखरेख में खान, राजस्व, पुलिस, परिवहन और वन विभागों द्वारा तालमेल के साथ चलाने के निर्देश दिए गए थे। इन 18 दिनों में पुलिस के अलावा सभी विभागों का तालमेल नहीं के बराबर रहा, लेकिन जिले में खनिज विभाग ने अभियान के तहत कागजी घोड़े ही दौड़ाए। अवैध खनन के खिलाफ 29 दिसंबर से 15 जनवरी तक चलाए विशेष अभियान के तहत खनिज विभाग के भीलवाड़ा के दो, गंगापुर और बिजौलिया 4 खंडों में 160 प्रकरणों में 77 एफआईआर दर्ज की गई। वहीं 22 आरोपियों को गिरफ्तार किया। वहीं 170 वाहन जब्त किए गए। खनिज विभाग ने अवैध खनन करने वालों से 1 करोड़ 24 लाख रुपए 98 हजार रुपए वसूल किए। इधर, 29 दिसंबर से चलाए विशेष अभियान में सबसे ज्यादा कार्रवाई पुलिस ने की। पुलिस ने गत 11 जनवरी तक ही अवैध खनन को लेकर 68 एफआईआर दर्ज कर 22 आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस की कार्रवाइयों को खनिज विभाग अपने आंकड़ों में शामिल कर दिखा रहा है। खनिज विभाग का काम पुलिस कर रही कार्रवाई


