जोधपुर की उदयमंदिर थाना पुलिस ने प्लॉट का फर्जी आम मुख्तियारनामा बनाकर भूखंड को आगे बेचान कर 15 लाख रूपए हड़पने की साजिश में शामिल एडवोकेट को गिरफ्तार किया है। थानाधिकारी सीताराम खोजा ने बताया कि 18 सितंबर को परिवादी सुरेश चंद्र माथुर ने थाने में रिपोर्ट दी। बताया कि उनके प्लॉट 271 ऊर्जा बिहार के ऋषभदेव नगर में है। यहां पर राम अवतार वगैरा ने उनके भूखंड का फर्जी और कोर्ट रचित आम मुख्तारनामा बनाकर भूखंड को आगे बेच दिया। इस पर मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई। जांच के दौरान पुलिस ने कूटरचित दस्तावेज को प्राप्त कर एफएसएल जांच करवाई तो परिवादी सुरेश चंद्र माथुर से आरोपी राम अवतार के पक्ष में बना आम मुख्तारनामा फर्जी पाया गया। इस पर पुलिस ने आरोपी राम अवतार उर्फ प्रवीण आचार्य, तरुण आचार्य और मुकेश को पूर्व में गिरफ्तार किया था। जिन्हें जेल भिजवाया गया। इस मामले में एडवोकेट मोहन सिंह रतनू निवासी चौपासनी चारणान मथानिया हाल मकान नम्बर 417 गली नंबर 3 हनुवंत ए पावटा सी रोड को गिरफ्तार किया। आरोपी ने अपनी सील और मोहर लगाकर हस्ताक्षर कर नोटरी किया था। इस पर आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर रविवार को कोर्ट में पेश किया। पुलिस पूछताछ में सामने आया कि आरोपी एडवोकेट मोहन सिंह लंबे समय से कचहरी परिसर में नोटेरी का काम करता है और इस पूरे मामले के षड्यंत्र में शामिल आरोपी तरुण आचार्य भी कचहरी परिसर में स्टांप बेचने का काम करता है। राम अवतार और मुकेश कचहरी परिसर में ही कोर्ट से आरोपियों की जमानत होने पर उनके लिए जमानत देने का काम करते हैं। इसके चलते सभी आरोपियों का कोर्ट में आना जाना था। इसी वजह से एक दूसरे को जानते भी है। आरोपियों ने मिलकर षड्यंत्र रचते हुए परिवादी सुरेश चंद्र माथुर से राम अवतार के पक्ष में कूटरचित आम मुख्यारनामा तैयार करवाया और भूखंड को आगे बेचकर 15 लख रुपए हड़प लिए थे।


