बैकुंठपुर | समग्र शिक्षक व सहायक शिक्षक फेडरेशन के आह्वान पर 17 जनवरी को स्थानीय प्रेमाबाग में एक दिवसीय हड़ताल आयोजित की गई। यह हड़ताल प्रदेश के सभी जिला मुख्यालयों में एक साथ संपन्न हुई। हड़ताल के माध्यम से शिक्षकों ने शासन पर चुनाव पूर्व किए गए वादों, विशेषकर मोदी की गारंटी को लागू नहीं करने का आरोप लगाया। फेडरेशन ने बताया कि चुनावी घोषणा पत्र में वेतन विसंगति दूर करने और क्रमोन्नत वेतनमान देने वादे किए गए थे, लेकिन अब तक उन्हें लागू नहीं किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत राष्ट्रगान से हुई। संचालन सुरेश एक्का ने ओजस्वी नारों के साथ किया और शिक्षकों से एकजुट होकर संघर्ष करने का आह्वान किया। जिला अध्यक्ष विश्वास भगत ने कहा कि वेतन विसंगति के कारण शिक्षक वर्षों से आर्थिक नुकसान झेल रहे हैं। संविलियन 2018 के बाद पूर्व की 25 वर्षों की सेवा को शून्य मानकर क्रमोन्नत वेतनमान का लाभ न देना अन्यायपूर्ण है। उन्होंने प्रथम नियुक्ति तिथि से सेवा की गणना कर वेतनमान, पेंशन सहित सभी लाभ देने की मांग की। संगठन सचिव ने चेतावनी दी कि मांगों की अनदेखी होने पर आंदोलन तेज किया जाएगा, यहां तक कि अनिश्चितकालीन हड़ताल भी की जाएगी। जिला उपाध्यक्ष ने सेवारत शिक्षकों के लिए टीईटी परीक्षा की अनिवार्यता समाप्त करने की मांग रखी।


