जिले के दिव्यांगजनों को अब अपना प्रमाण पत्र (Divyang Certificate) बनवाने के लिए जिला मुख्यालय के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। जिला कलेक्टर डॉ. अरुण गर्ग ने एक सराहनीय पहल करते हुए जिले में पेंडिंग चल रहे दिव्यांग प्रमाण पत्रों को प्राथमिकता से बनाने के लिए विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं। इस निर्णय से उन हजारों दिव्यांगों को राहत मिलेगी जिनकी पेंशन रुक गई है या जिनके सर्टिफिकेट की अवधि समाप्त हो चुकी है। अब जिला मुख्यालय स्थित बीडीके अस्पताल के अलावा नवलगढ़ जिला अस्पताल, खेतड़ी, मलसीसर, चिड़ावा उप जिला अस्पताल (SDH) और विभिन्न सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों (CHC) पर विशेष मेडिकल बोर्ड का गठन किया जाएगा। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) डॉ. छोटेलाल गुर्जर ने बताया कि इस अभियान का मुख्य उद्देश्य उन दिव्यांगजनों की मदद करना है जिनकी पेंशन तकनीकी कारणों या पुराने सर्टिफिकेट के कारण अटक गई है। पढ़िए- कौनसे सर्टिफिकेट किस केंद्र पर बनेंगे शिकायत के लिए कंट्रोल रूम नंबर जारी सीएमएचओ डॉ. गुर्जर ने बताया कि किसी दिव्यांग व्यक्ति को प्रमाण पत्र बनवाने में किसी भी प्रकार की कोताही या समस्या का सामना करना पड़ता है, तो वे सीधे विभाग से संपर्क कर सकते हैं। इसके लिए सीएमएचओ कार्यालय में एक विशेष कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है।


