भास्कर न्यूज | बेनूर नक्सल प्रभावित क्षेत्रों के युवाओं को मुख्यधारा से जोड़ने और उन्हें देश की विविध संस्कृति व प्रगति से अवगत कराने के उद्देश्य से 17वां आदिवासी युवा आदान-प्रदान कार्यक्रम आयोजित किया गया। गृह मंत्रालय भारत सरकार के प्रोत्साहन पर आयोजित इस कार्यक्रम के तहत 53वीं वाहिनी भारत-तिब्बत सीमा पुलिस बल नारायणपुर से 20 युवा छात्र-छात्राओं का दल गुरुवार को केवड़िया (गुजरात) के लिए रवाना हुआ। दल में 12 युवक और 8 युवतियां शामिल हैं। 53वींं वाहिनी के सेनानी संजय कुमार के मार्गदर्शन और द्वितीय कमान अधिकारी संजय कुमार भारद्वाज द्वारा सामरिक मुख्यालय बेनूर से सभी प्रतिभागियों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। इस अवसर पर द्वितीय कमान अधिकारी भारद्वाज ने सभी युवाओं से परिचय प्राप्त कर उनका स्वागत किया और कार्यक्रम के उद्देश्य व महत्व के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि आदिवासी युवाओं का विकास इस योजना का मुख्य लक्ष्य है। देश के अलग-अलग राज्यों की संस्कृति, भाषा, परंपराएं, तकनीकी उन्नति और रोजगार के अवसरों से युवाओं को परिचित कराने का यह अनूठा प्रयास है। नक्सल प्रभावित क्षेत्रों के युवाओं को सकारात्मक दिशा देने, उन्हें राष्ट्र की मुख्यधारा में जोड़ने और अतिवादी गतिविधियों से दूर रखने के लिए ऐसे कार्यक्रम अत्यंत उपयोगी सिद्ध होते हैं।


