भास्कर न्यूज | गीदम सरस्वती शिशु मंदिर उच्च माध्यमिक विद्यालय गीदम में सांस्कृतिक संध्या, आनंद मेला, पूर्व छात्र सम्मेलन, मातृ सम्मेलन व अभिभावक सम्मेलन का आयोजन किया गया। जिसमें विद्यालय के छात्र-छात्राओं द्वारा रंगारंग कार्यक्रम की प्रस्तुति दी गई। इस मौके पर मुख्य अतिथि के रूप में क्षेत्रीय विधायक चैतराम अटामी, नगर पंचायत गीदम के पूर्व अध्यक्ष नवीन विश्वकर्मा, रेखा विश्वकर्मा, जनपद सदस्य राकेश मंडावी, विद्यालय समिति के व्यवस्थापक दयाशंकर गुप्ता व पूर्व छात्र मूलचंद जैन उपस्थित रहे। अतिथियों ने मां सरस्वती, ओम व मां भारती के छायाचित्र पर माल्यार्पण व दीप प्रज्वलन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस दौरान बच्चों द्वारा सरस्वती वंदना की गई। कार्यक्रम में बच्चों द्वारा देश के सभी राज्यों की संस्कृति को अपनी प्रतिभा के माध्यम से समस्त अतिथियों, पालकों व आमजनों के समक्ष प्रस्तुत किया गया। इस दौरान बच्चों ने विभिन्न कार्यक्रम प्रस्तुत किए जिसमें देश की सांस्कृतिक एकता की झलक दिखाई दी। मंचासीन अतिथियों सहित उपस्थित पालकों ने बच्चों का उत्साहवर्धन तालियों के साथ किया। मुख्य अतिथि चैतराम अटामी ने कहा कि शिशु मंदिर गीदम में इस तरह के आयोजन वर्ष भर आयोजित होते हैं। यहां के बच्चे प्रतिभावान होते हैं, संस्कार पक्ष मजबूत होता है। मैं इस विद्यालय के विकास के लिए हर संभव सहयोग करता रहूंगा। नवीन विश्वकर्मा ने कहा कि इस विद्यालय ने 40 वर्षों से अपनी ख्याति बनाकर रखी है। सरस्वती शिशु मंदिर हमारी धार्मिक संस्कृति, संस्कारों की पाठशाला है। राकेश मंडावी ने कहा कि मैं शिशु मंदिर में पढ़ा हूं इसलिए आज इस मुकाम तक पहुंचा हूं। बच्चों के उज्जवल भविष्य की कामना करते हुए कहा कि सरस्वती शिशु मंदिर अनुशासन एवं संस्कृति के संरक्षक के रूप में जाना जाता है। जीवन में अनुशासन अति आवश्यक है जिसे बच्चों में प्रारंभिक दौर से ही होना चाहिए और सदैव अपने लक्ष्य को याद करते हुए उसे प्राप्त करने के लिए भरपूर प्रयास करना चाहिए। भैया बहनों का मार्गदर्शन करते हुए पूर्व छात्र मूलचंद जैन ने कहा कि हम सभी पूर्व छात्रों को अपने इस विद्यालय के लिए तन मन धन से सहयोग करना चाहिए। आने वाले समय में यहां पर छोटे बच्चों के लिए झूला फिसलपट्टी हम सब मिलकर लगाएंगे। इस दौरान विद्यालय में भैया बहनों द्वारा आनंद मेला का भी आयोजन किया। जिसमें भैया बहनों ने तरह-तरह के पकवान एवं व्यंजनों जैसे गुलाब जामुन, दही बड़ा, ब्रेड पकोड़ा, केक, चाउमीन, सेवपुरी, पास्ता व गुपचुप आदि की वैरायटी रखी। जिसका अतिथियों एवं पालकों ने भरपूर आनंद उठाया।


