भास्कर न्यूज | चतरा चतरा व्यवहार न्यायालय परिसर में जिला एवं सत्र न्यायाधीश शंभू लाल साव की अध्यक्षता में एक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जिला विधिक सेवा प्राधिकार (डीएलएसए), चतरा के सचिव तारकेश्वर दास सहित व्यवहार न्यायालय के अन्य न्यायाधीश भी उपस्थित थे।यह जागरूकता कार्यक्रम राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकार (नालसा), नई दिल्ली एवं झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकार (झालसा), रांची के निर्देशानुसार आयोजित किया गया। कार्यक्रम के दौरान नालसा और झालसा के निर्देशन में संचालित ‘मेडिएशन फॉर नेशन 2.0’ अभियान की विस्तृत जानकारी लोगों को दी गई।इस अवसर पर पीडीजे शंभू लाल साव ने कहा कि इस अभियान का उद्देश्य सुलहनीय मामलों का त्वरित एवं सौहार्दपूर्ण निपटारा करना है। उन्होंने बताया कि डीएलएसए चतरा के माध्यम से आमजन अपने विवादों का समाधान सरल, सुलभ और समयबद्ध तरीके से करा सकते हैं। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे अपने आपसी विवादों के निपटारे के लिए डीएलएसए की मध्यस्थता प्रक्रिया का अधिक से अधिक लाभ उठाएं।वहीं डीएलएसए सचिव तारकेश्वर दास ने भी ‘मेडिएशन फॉर नेशन 2.0’ कार्यक्रम की उपयोगिता पर प्रकाश डालते हुए बताया कि चतरा जिला विधिक सेवा प्राधिकार कार्यालय में 1 जनवरी से मध्यस्थता कार्यक्रम की शुरुआत हो चुकी है, जो निरंतर जारी रहेगा।कार्यक्रम का उद्देश्य न्यायालयों पर बढ़ते मुकदमों के बोझ को कम करना और आपसी सहमति से विवादों का समाधान सुनिश्चित करना बताया गया।


