जिले के प्रसिद्ध धर्मस्थल केदारनाथ धाम को खोलने के लिए जनसुनवाई में ज्ञापन सौंपा गया है। साधुओं ने मंगलवार को कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा। वहीं जिला पंचायत की वन समिति की अध्यक्ष ने भी कलेक्टर को पत्र लिखकर धाम को फिर से खोलने की मांग की है। बता दें कि जिले की महोदरा ग्राम पंचायत में केदारनाथ धाम मंदिर स्थित है। यहां पहाड़ी की एक चट्टान में दरार आ जाने के कारण पिछले दो वर्षों से मंदिर को बंद कर दिया गया है। यहां आम लोगों के लिए दर्शन बंद कर दिए गए हैं। मंगलवार को बड़ी संख्या में साधु संत जनसुनवाई में ज्ञापन देने पहुंचे। उन्होंने बताया कि कलेक्टर के आदेशानुसार लगभग 2 वर्षों से दर्शन के लिए कपाट बंद कर दिये थे, जो कि मनगढ़ंत कहानी से चट्टान गिरने की बात कह कर किये गये थे। जबकि 2 वर्षों से उक्त चट्ठान गिरी भी नहीं है। न ही उसका कोई स्थाई निराकरण किया गया है। आवेदन में आगे बताया गया कि मन्दिर के दर्शन बन्द होने के कारण से श्रद्धालुओं का मन विचलित रहता है और आस्था पर प्रभाव पड़ता है। इस कारण भक्तों की भावना पर आस्था के साथ खिलवाड़ हो रहा है। केदारनाथ धाम पर हर वर्ष शिवरात्रि पर मेला का आयोजन किया जाता है, लेकिन जब से कपाट बन्द किये गये, उस समय से मेला का आयोजन नहीं हो पा रहा है, जबकि शिवरात्रि का मेला आ रहा है। इसलिए निवेदन है कि शिवरात्रि आने से पहले बंद कपाट को खुलवाने के आदेश करें। अगर मेले से पूर्व कपाट नहीं खोले जाते हैं, तो मजबूरन आंदोलन करना पड़ेगा।


