सिंगरौली जिले के एक शासकीय हाई स्कूल के प्राचार्य पर छात्रों से नियमों के विपरीत परीक्षा शुल्क वसूलने का आरोप लगा है। मकरोहर क्षेत्र स्थित इस स्कूल के छात्रों का कहना है कि संबल कार्डधारी होने के बावजूद उनसे परीक्षा शुल्क लिया गया। इस मामले में सोमवार को आधा दर्जन से अधिक छात्रों ने बैढ़न स्थित जिला मुख्यालय पहुंचकर कलेक्टर से लिखित शिकायत की। छात्रों ने आरोप लगाया कि वे सभी संबल कार्डधारक हैं। शासन के स्पष्ट नियमों के तहत संबल कार्डधारी विद्यार्थियों से बोर्ड परीक्षाओं का शुल्क नहीं लिया जाता है। इसके बावजूद, स्कूल प्रबंधन और प्राचार्य ने प्रत्येक छात्र से ₹1300 परीक्षा शुल्क के रूप में वसूल लिए। छात्रों के अनुसार, जब उन्होंने शुल्क माफी के संबंध में सवाल किया, तो उन्हें कोई संतोषजनक उत्तर नहीं मिला। छात्रों ने यह भी शिकायत की है कि उन्हें अब तक शासन की छात्रवृत्ति योजना का लाभ नहीं मिला है। छात्रवृत्ति की राशि समय पर न मिलने के कारण गरीब और जरूरतमंद विद्यार्थियों को आर्थिक समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। इस मामले पर जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) एस.बी. सिंह ने बताया कि यह प्रकरण उनके संज्ञान में आया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि संबल कार्डधारी छात्रों से परीक्षा शुल्क नहीं लिया जा सकता। डीईओ सिंह ने कहा कि वे स्वयं स्कूल जाकर पूरे मामले की जांच करेंगे और यदि आरोप सही पाए जाते हैं, तो संबंधितों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। छात्रवृत्ति से जुड़े मामलों की भी जांच कर समाधान किया जाएगा। फिलहाल छात्रों को उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया गया है। हालांकि, इस घटना ने शासकीय स्कूलों में नियमों के पालन और निगरानी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।


